पडरौना। धनतेरस के अवसर पर रविवार को पडरौना पूरी तरह से गुलजार रहा। दोपहर बाद ही शहर की सड़कों पर भीड़ बढ़ने लगी थी। शाम को कोतवाली तिराहे से लगायत तिलक चौक, कसेराटोली रोड, धर्मशाला रोड व मेन रोड पर पैदल भी चलने की जगह नहीं बची थी। सर्वाधिक भीड़ बर्तन व आभूषण की दुकानों पर थी। बाइक के शो रूमों भी दिन भर लोगों का तांता लगा रहा।
सुबह सात बजते-बजते शहर स्थित सभी बाइक शो रूम सजकर तैयार थे। मांग को देखते हुए दुकानदारों ने बाहर टेंट लगाकर गाड़ियां रखवाईं थीं। कई जगह तो शो रूम पर ही पंडित जी भी पूजा की थाल व सामग्री लिए खड़े थे। शोरूम में काम करने वाले मिस्त्री भी डिमांड को देखते हुए गाड़ियों की एसेसरिज लगाने में खूब हील हुज्जत कर रहे थे। जैसे-जैसे दिन बढ़ता चढ़ता गया बाजार में भीड़ बढ़ने लगी। दोपहर तक बर्तन, आभूषण और इलेक्ट्रानिक्स की दुकानों पर खड़ा होने की जगह नहीं बची। हालांकि दुकानदारों ने इसकी लिए पहले से ही पूरी तैयारी कर रखी थी और हर दुकान पर अतिरिक्त आदमी लगाए गए थे लेकिन ग्राहकों की भीड़ को संभालना मुश्किल हो रहा था। दुकानदारों के मुताबिक महंगाई के चलते ग्राहकों ने इस बार अपेक्षाकृत सस्ते सामानों की खरीद पर ज्यादा रुचि दिखाई। महिलाओं ने आभूषणों की खरीद में खूब रुचि दिखाई। शहर के सराफा की दुकान में महिलाओं की भीड़ नजर आई। दुकानदारों के मुताबिक पायल, बिछिया से लगायत गले का हार व झुमका तक की खरीददारी महिलाओं ने की। बर्तन के दुकानदारों के मुताबिक पिछले कुछ सालों से तांबा, फूल व पीतल के बर्तनों की बिक्री घटी है। इस साल भी स्टील के बर्तनों की डिमांड खूब रही। लोगों ने अधिकांश नियमित उपयोग के लिए बर्तनों की खरीद में रुचि दिखाई। बाजार में हर आयवर्ग के ग्राहकों की भीड़ थी। देर शाम तक भी बाजार ग्राहकों से भरा पड़ा था।
इनसेट
चार पहिया वाहनों के लिए नो इंट्री
भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने इस बार चार पहिया वाहनों के प्रवेश को सख्ती से रोका। सुभाष चौक पर तैनात ट्रैफिक पुलिस के जवानों ने पूरी कोशिश की कि चार पहिया वाहन अंदर न जा सकें। कालेज मोड़, तिलक चौक, धर्मशाला मोड़ आदि पर भी पुलिसवालों ने खड़े रहकर चार पहिया वाहनों की निगरानी की।