पडरौना। राजकीय, सहायता प्राप्त और वित्तविहीन माध्यमिक विद्यालयों के लिए नई गाइडलाइन जारी कर दी गई है। इसमें बोर्ड परीक्षा में शामिल होने के लिए छात्र-छात्राओं की न्यूनतम 75 फीसदी उपस्थिति अनिवार्य की गई है। शिक्षा विभाग ने शत-प्रतिशत नामांकन के साथ पारदर्शी उपस्थिति प्रणाली लागू करने पर विशेष जोर दिया है।
जिले में 22 राजकीय, 55 वित्तपोषित और 291 स्ववित्तपोषित समेत कुल 368 माध्यमिक विद्यालय संचालित होते हैं। इसमें कक्षा छह से 12 तक के ढ़ाई लाख से अधिक छात्र-छात्राएं नामांकित हैं। इन विद्यालयों में नामांकित सभी छात्र-छात्राओं को नियमित विद्यालय आना होगा। शासन की तरफ से दिए निर्देशों के अनुसार विद्यालयों को दैनिक उपस्थिति का नियमित रिकॉर्ड बनाए रखना होगा और अनुपस्थित रहने वाले छात्रों पर विशेष निगरानी रखनी होगी। साथ ही, नामांकन बढ़ाने और ड्रॉपआउट रोकने के लिए स्कूल स्तर पर अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि निर्धारित उपस्थिति पूरी न करने वाले छात्रों को बोर्ड परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं दी जाएगी।