तमकुहीरोड (कुशीनगर)। तमकुहीराज तहसील क्षेत्र के अहिरौलीदान गांव के कचहरी टोला में बड़ी गंडक ने कटान शुरू कर दिया है। पिछले 24 घंटे के अंदर नदी ने 20 मीटर से अधिक कटान किया है और अब गांव की ओर बढ़ने लगी है। यह देख गांव के लोग भयभीत हैं। गांव के लोगों ने प्रशासन से कटान रोकने के लिए जल्द से जल्द इंतजाम किए जाने की मांग की है।
अहिरौलीदान का कचहरी टोला शुक्रवार से गंडक नदी के निशाने पर है। नदी एक बार फिर अहिरौलीदान के कचहरी टोला में बाढ़ का कहर बरपाने को आतुर दिख रही है, क्योंकि पिछले 24 घंटे में नदी 20 मीटर से अधिक उपजाऊ भूमि को काट चुकी है और आबादी की ओर बढ़ने लगी है। इससे अहिरौलीदान के नोनियापट्टी, मदुरही, खैरखुटा, डीहटोला आदि गांवों पर भी कटान का खतरा मंडराने लगा है। जिन लोगों के रिहायशी घरों पर खतरा मंडरा रहा है, उन लोगों की बेचैनी बढ़ गई है। क्योंकि एक सप्ताह पहले जब खैरखुटा में कटान तेज हुआ था, तो कई लोगों ने अपनेे सामानों के साथ पलायन भी करना शुरू कर दिया था। यही स्थिति कचहरी टोला में भी बनती नजर आ रही है। इस तरह की स्थिति उत्पन्न होने पर बेदुपार, सिसवा बाजार, बाघाचौर, बाकखास, गौराहा, चैनपट्टी, मठिया श्रीराम समेत बिहार बार्डर से जुड़े कई गांवों पर भी बाढ़ का खतरा मंडराने लगेगा। लोगों का मानना है कि यदि नदी के कटान को रोकने के लिए जल्द इंतजाम नहीं किया गया तो इस साल गंडक नदी के कहर से गांवों और एपी बांध को बचाना मुश्किल हो जाएगा।
इस संबंध में बाढ़ खंड के एक्सईएन भरत राम का कहना है कि गंडक की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। कटान को रोकने के लिए शीघ्र कदम उठाया जाएगा।