कुशीनगर। डीएम और एसपी ने शनिवार को विशुनपुरा सीएचसी का निरीक्षण किया। डीएम ने अनुपस्थित एक डॉक्टर और चार स्वास्थ्यकर्मियों को निलंबित करने, उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने और पीएफ खातों पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने का निर्देश दिया। इसके अलावा दो संविदा कर्मियों की सेवाएं समाप्त करने का भी निर्देश दिया। डीएम ने सीएचसी में गंदगी देख नाराजगी जताते हुए प्रभारी चिकित्साधिकारी का वेतन रोक दिया।
डीएम आंद्रा वामसी और एसपी यमुना प्रसाद सुबह करीब 11 बजे मंसाछापर स्थित विशुनपुरा सीएचसी पहुंचे। डीएम ने सबसे पहले पर्ची काउंटर, इमरजेंसी वार्ड, ओपीडी, जनरल वार्ड, शौचालय सहित सभी कमरों की जांच की। एक कमरे में सामान बिखरा पड़ा देख डीएम ने उसमें बैठे डॉक्टर से नाराजगी जताई और उसे तत्काल सही करने का निर्देश दिया। अस्पताल के दूसरे तल पर भी गंदगी मिली। इसके बाद डीएम ने कर्मचारियों की उपस्थिति जांचने के लिए बारी - बारी से सभी को बुलवाया। वहां वार्ड ब्वाय आनंद प्रसाद, एएनएम रिंकू देवी, हेल्थ वर्कर गोपाल, एनएमए रामदुलारे और डॉ. हरिपाल विश्वकर्मा के अनुपस्थित रहने पर उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने का निर्देश दिया। इनके पीएफ खातों पर भी तत्काल प्रभाव से रोक लगाने का निर्देश दिया। इसके अलावा संविदाकर्मी अमित वर्मा और रेनू मिश्रा की संविदा तत्काल समाप्त करने का निर्देश दिया। देर से पहुंचे नेत्र चिकित्सक डॉ. बीबी सिंह को हिदायत देकर छोड़ दिया।
डीएम ने सीएचसी के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. एन ठाकुर को एफआईआर कराने का निर्देश दिया तो उन्होंने डीएम से मौखिक की बजाय लिखित आदेश मांगा। इस पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताई। अस्पताल परिसर व अंदर के कमरों में गंदगी मिलने पर प्रभारी चिकित्साधिकारी को चेतावनी देते हुए सफाई होने तक उनका वेतन रोक दिया। डीएम ने एसडीएम गणेश प्रसाद सिंह को सीएचसी के प्रभारी चिकित्साधिकारी को साथ ले जाकर जटहां बाजार थाने में इन सभी कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने का निर्देश दिया। प्रभारी चिकित्साधिकारी ने पांच स्वास्थ्य कर्मियों के खिलाफ तहरीर दी, जिस पर पुलिस ने पूर्व में विशुनपुरा के सीएचसी प्रभारी रह चुके डॉ. हरिपाल विश्वकर्मा सहित गोपाल यादव, आनंद प्रसाद, अमित कुमार वर्मा और रामदुलारे सिंह के खिलाफ सरकारी ड्यूटी पर अनुपस्थित रहने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर लिया।
इस संबंध में एसओ सौदागर राय का कहना था कि तहरीर मिली है। उसके आधार पर पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।