पडरौना और रवींद्रनगर उपकेंद्र से जुड़े 25 हजार उपभोक्ताओं की बिजली गुल
- 33 हजार केवी की मुख्य लाइन पर गिरे पेड़, शहर और मुख्यालय पर दस घंटे से बिजली गुल
- पडरौना-कसया मार्ग पर अर्जुनहां और बाड़ी पुल के निकट मुख्य लाइन पर गिरे थे पेड़
- जनपद मुख्यालय और पडरौना शहर में बिजली आपूर्ति ठप होने से परेशान हैं उपभोक्ता
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। तेज हवा और बारिश के चलते अर्जुनहां और बाड़ीपुल के निकट 33 हजार केवी की लाइन पर विशाल पेड़ गिर जाने से शनिवार सुबह छह बजे से ही जनपद मुख्यालय रवींद्रनगर और पडरौना विद्युत उपकेंद्र से जुड़े क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति ठप हो गई। इसके चलते दोनों उपकेंद्रों के अंतर्गत आने वाले 20 से अधिक गांवों के करीब 25 हजार उपभोक्ताओं की बिजली गुल हो गई। उन्हें बत्ती, पंखा और मोबाइल चार्ज करने सहित अन्य जरूरतों के लिए परेशान होना पड़ा। लगातार बारिश के चलते जनपद के अन्य हिस्सों में भी बिजली संकट छाया रहा। क्योंकि कहीं तार पर पोल गिर गए तो कहीं उपकेंद्र में ही बारिश का पानी भर गया था।
शुक्रवार की भोर से ही जिले में बारिश हो रही है, लेकिन शनिवार की सुबह करीब छह बजे तेज हवा के साथ बारिश होने से बाढ़ी पुल और अर्जुनहां एफसीआई गोदाम के बाद एक-एक पेड़ टूट कर गिर गया। इसके अलावा एक स्थान पर इंसुलेटर पंक्चर हो गया है। इसके वजह से बिजली निगम को पडरौना विद्युत उपकेंद्र से आपूर्ति होने वाली सभी फीडरों से जुड़े उपभोक्ताओं की आपूर्ति बंद करनी पड़ी। हालांकि मूसलाधार बारिश के बाद भी बिजली कर्मचारियों ने सक्रियता दिखाई और मौके पर पहुंचकर बिजली के तार पर गिरे पेड़ को हटाने में जुट गए। इसके अलावा कुछ कर्मचारियों को तेज हवा और बारिश की वजह से अन्य तकनीकि गड़बड़ियों को दूर करने में लगा दिया गया। इसके बावजूद भी शनिवार की शाम करीब पांच बजे तक भी शहर में बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी।
एसडीएम राहुल द्विवेदी ने बताया कि शनिवार की तेज हवा के साथ आई बारिश के चलते बाड़ी पुल और अर्जुनहा एफसीआई गोदाम के पास 33 हजार बिजली की तार पर पेड़ गिर गया था। इसके अलावा एक जगह इंसुलेटर पंक्चर हो गया है। इसकी मरम्मत कराने में बिजली कर्मचारी लगे हुए हैं। देर शाम तक बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।