करारी में कपड़े की दुकान पर खरीदारी करते लोग
हवा में फाल्गुन की हल्की गर्माहट महसूस होने लगी है। इसका असर बाजार पर भी देखने को मिल रहा है। बाजार से गर्म कपड़े लगभग गायब हो गए हैं और उनकी जगह हल्के कपड़ों ने ले ली है। सूती कपड़ों की खरीदारी भी शुरू हो गई है।
सर्दी के सीजन में ऊनी कपड़ों की खूब बिक्री हुई। करारी मार्केट में खरीदारों की खूब भीड़ देखने को मिली। अब फरवरी का महीना खत्म होने वाला है और सर्दी भी कम हो गई है। मौसम में बदलाव के साथ ही कपड़ा बाजार में बदलाव देखने को मिल रहा है। ऊनी कपड़ों का बाजार ठंडा हो गया है। दुकानों पर शेष बचे ऊनी कपड़ों के स्टॉक को दुकानदारों ने अब डंप कर दिया है।
तेज धूप के साथ पारा बढ़ने लगा है। लोग दिन में गर्मी का अहसास करने लगे हैं। इसे देखते हुए अब लोग सूती कपड़ों की खरीदारी करने लगे हैं। सूती कपड़ों की दुकानें सजने लगी हैं। दुकानदारों ने सूती कपड़ों का स्टॉक जुटाना शुरू कर दिया है। वहीं, सहालग सीजन को देखते हुए लोग सूती कपड़ों की अच्छी खासी खरीदारी करने लगे हैं। कैजुअल पैंट-शर्ट से लेकर महिलाओं की साड़ी व अन्य परिधानों के लिए सूती कपड़ों को पसंद किया जा रहा है।
सर्दी के लिए मंगाए लगभग 80 फीसदी ऊनी कपड़े बिक गए हैं। बाकी बचे कपड़ों को अब अगले साल के लिए स्टॉक कर लिया है। मौसम के बदलाव के साथ सूती कपड़ों की मांग बढ़ गई है। कपड़ों की खेप मंगाई गई है।
- दुर्गेश नामदेव
ऊनी कपड़े बिकना बंद हो गए हैं। करीब बीस हजार तक का सामान शेष बच गया है। अब ऊनी कपड़ों की खरीदारी न के बराबर हो रही है। ग्राहक सूती कपड़ों की डिमांड कर रहे हैं। गर्मी में डिमांड अच्छी रहती है। नई वैरायटी भी आ रही है।
- बॉबी साहू
करारी में कपड़े की दुकान पर खरीदारी करते लोग
करारी में कपड़े की दुकान पर खरीदारी करते लोग