मंझनपुर। जमीन की फर्जी खतौनी लगाकर मदरसा संचालित करने और आलिम, कामिल स्तर तक की मान्यता ले लेने का आरोप है। इल्जाम है कि अब इस मदरसे को अनुदान सूची में भी शामिल कराने का प्रयास किया जा रहा है। स्थानीय एक व्यक्ति ने सोमवार को इसकी शिकायत प्रभारी डीएम से की। प्रभारी डीएम ने बताया कि प्रकरण की जांच कराई जाएगी।
मंझनपुर कस्बे के रहने वाले शाहिद अंसारी ने जिले के एक मदरसे की मान्यता के लिए फर्जीवाड़ा किए जाने का आरोप लगाया है।
प्रभारी डीएम को दिए गए शिकायती पत्र में उन्होंने आरोप लगाया है कि मदरसा मंझनपुर तहसील क्षेत्र में स्थित है। जबकि इसके प्रबंधक ने मान्यता में जिस जमीन की खतौनी लगाई है वह भूमि सिराथू तहसील क्षेत्र में है। आरोप है कि दस्तावेजों में धोखाधड़ी करते प्रबंधक ने वर्ष 2014 में आलिम और कामिल तक की मान्यता भी हासिल कर ली है। अब प्रबंधक इस मदरसे को अनुदान की सूची में शामिल करवाने की कोशिश में लगा है। मामले में प्रभारी डीएम सुरेन्द्र सिंह का कहना है कि शिकायत गंभीर है। इसकी गंभीरता से जांच कराई जाएगी। आरोप सही पाए गए तो प्रबंधक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जाएगा। इसके अलावा मदरसे की मान्यता रद्द करने की कार्रवाई भी की जाएगी।