सिराथू तहसील में गुरुवार को जिलास्तरीय तहसील दिवस का आयोजन किया गया। सुनवाई के दौरान एक फर्जी बिल का मामला सामने आया तो डीएम खफा हो गए। जिलाधिकारी ने एक्सईएन विद्युत से नाराजगी जताते हुए चेतावनी दी कि तत्काल इस पर कार्रवाई करें। इस तरह की दोबारा शिकायत आई तो संबंधित के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। तहसील दिवस में कुल 77 लोगों ने शिकायती पत्र दिए। इनमें से छह शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण किया गया।
डीएम अखंड प्रताप सिंह सिराथू तहसील में गुरुवार को फरियादियों की फरियाद सुन रहे थे। इसी दौरान सिराथू के गोसैलमपुर निवासी लक्ष्मी रतन ने डीएम को बताया कि वह परिवार समेत करीब 30 साल से कानपुर के रतन कालोनी में रहता है। लक्ष्मी रतन ने बताया कि उसने कभी बिजली का कनेक्शन नहीं लिया था। इसके बाद भी विद्युत विभाग ने उसके नाम से 39 हजार 266 रुपये का बिल भेज दिया।
डीएम ने इसे गंभीरता से लिया। एक्सईएन विद्युत प्रभाकर पांडेय से पूछताछ की, संतोषजनक जवाब न मिलने पर फटकारते हुए चेतावनी दी कि दोबारा इस तरह के प्रकरण यदि आए तो कार्रवाई कराएंगे। साथ ही हिदायत दी कि इस बिल का तत्काल निस्तारण करें, ताकि पीड़ित को न्याय मिल सके। इसके बाद बरीपुर के मोहन लाल ने तालाबी नंबर पर कब्जा होने की शिकायत की। डीएम ने एसडीएम को जांच करने का निर्देश दिया। 77 लोगों ने शिकायतें की, इनमें से छह शिकायतों का निस्तारण किया गया। बाकी शिकायती पत्रों को कार्रवाई के लिए संबंधित विभागों को सुपुर्द कर दिया। इस मौके पर एसपी वीके मिश्र, सीडीओ डॉ. दिनेश कुमार सिंह, सीएमओ डॉ. एसके उपाध्याय, एसडीएम सिराथू विवेक कुमार चतुर्वेदी, डीडीओ डीके दोहरे आदि अफसर रहे।
सभागार का डीएम ने किया उद्घाटन
तहसील दिवस के बाद डीएम ने सिराथू तहसील सभागार का उद्घाटन किया। यह सभागार बैठक के लिए सभी सुविधाओं से लैस है। इस मौके पर डीएम ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि वह अपने-अपने कार्यालय को साफ-सुथरा रखें। ध्यान दें कि वहां कोई गंदगी न करने पाए। इसके अलावा कार्यालयों में पीने के पानी की व्यवस्था भी हो।