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सैनी उपकेंद्र से जुड़े 70 गांवों में बत्ती गुल

Sun, 01 Feb 2015 12:02 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला कौशाम्बी
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सिराथू। सैनी उपकेंद्र के केबिल जल जाने से क्षेत्र के 70 गांवों में 24 घंटे से बत्ती गुल है। रात अंधेरे में गुजारने वाले सैनी, दारानगर, शहजादपुर आदि गांवों के लोगों को शनिवार को दिनभर पानी की समस्या से भी जूझना पड़ा। इसका लोगों में जबरदस्त गुस्सा है। उधर, एसडीओ आरसी अनुरागी ने बताया कि केबिल में आए फाल्ट को ठीक कराया जा रहा है। देर रात तक आपूर्ति बहाल करने की पूरी कोशिश की जा रही है।
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बता दें कि सैनी बिजली उपकेंद्र से सैनी, दारानगर, अजुहा, नरसिंहपुर कछुआ, गुलामीपुर, शहजादपुर, केसरिया, ननमई, अटसराय, थुलगुला, म्योहरा, हब्बूनगर, फरीदागंज, सिपाह, ख्वचकीमई, उचरावां, पथरावां, साढ़ो, माढ़ो, कमासिन, कानेमई, मीरापुर आदि 70 गांवों के विद्युत आपूर्ति की जाती है। बताया जाता है कि शुक्रवार की शाम को अचानक उपकेंद्र से सप्लाई ट्रांसफार्मर के लिए खींची गई केबिल जल गई। केबिल में आए फाल्ट से इन गांवों में शुक्रवार की रात से बत्ती गुल है। इससे रातभर करीब 30 हजार से अधिक की आबादी अंधेरे में रही। वहीं रातभर बिजली आपूर्ति बंद रहने से सुबह जलापूर्ति भी ठप रही। इससे सैनी, शहजादपुर, दारानगर समेत करीब 25 से अधिक गांवों के लोगों को पानी की समस्या से भी जूझना पड़ा।

जलापूर्ति ठप होने से सबसे ज्यादा दिक्कत शहजादपुर और आसपास के गांववालों को हुई। बता दें कि शहजादपुर और उसके आसपास के करीब दर्जनभर गांवों के हैंडपंपों का पानी खारा है। इससे इन गांवों के लोगों को पीने के लिए सप्लाई का पानी ही एक मात्र सहारा है। उधर, सैनी कस्बे के रहने वाले पूर्व प्रधान विजय प्रकाश गुप्ता, रामकृष्ण पटेल, गनेश प्रसाद, जीतेंद्र कुमार, ओमप्रकाश गुप्ता, राम प्रसाद आदि ने बताया कि शनिवार को सुबह ही बिजली आपूर्ति ठप होने की जानकारी दी गई थी। इसके बाद भी शनिवार को पूरा दिन बीतने के बाद भी जली हुई केबिल को ठीक कराकर बिजली आपूर्ति बहाल नहीं की जा सकी है। इसका लोगों में गुस्सा भी है।
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ट्रांसफार्मर फुंकने से सिराथू तहसील के कनवार गांव में एक महीने से बिजली आपूर्ति ठप है। गांव के रहने वाले शीलू पांडेय, प्रवीण मणि, सुनील यादव, अमृतलाल, हेमंत त्रिपाठी, राहुल कुमार, हंसराज आदि ने बताया कि कई बार एसडीओ और अवर अभियंता से शिकायत भी की गई। इसके बाद भी जले हुए ट्रांसफार्मर को बदला नहीं जा रहा है। लोगों ने बताया कि बिजली विभाग के अफसरों की इस मनमानी के कारण जहां लोगों को महीने भर से रात अंधेरे में गुजारनी पड़ रही है। वहीं 15 दिन बाद से शुरू होने जा रही बोर्ड परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्र-छात्राओं की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है।

शनिवार को फिर से गांववालों ने एसडीओ सिराथू को शिकायतीपत्र देकर ट्रांसफार्मर बदलाने की मांग की है। एसडीओ आरसी अनुरागी ने बताया कि स्टोर में 63 केवीए के ट्रांसफार्मर की कमी है। प्रयास किया जा रहा है कि जल्द ही ट्रांसफार्मर बदलकर गांव की बिजली आपूर्ति बहाल कर दी जाए।
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