सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों को देखती डॉ. शिप्रा कुशवाहा। स्रोत: डॉक्टर
बढ़ती गर्मी और उमस के कारण फंगल इंफेक्शन के मरीजों की संख्या बढ़ी है। स्थानीय सीएचसी में 115 मरीज आए। इसमें 35 मरीज त्वचा संक्रमण से परेशान थे। वहीं, पीएचसी में 47 मरीज आए, इनमें 10 मरीज खुजली, घमौरी, एलर्जी के थे।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉ. शोएब अंसारी ने बताया कि गर्मी से त्वचा के मरीज बढ़े हैं। चेहरे पर दाने, लाल चकत्ते से परेशान लोग उपचार के लिए आ रहे हैं।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की डॉ. शिप्रा कुशवाहा ने बताया कि गर्मी में पसीना ज्यादा निकलता है। रोज ठीक से न नहाने से बैक्टीरिया पनप रहे हैं। इसका असर शरीर पर पड़ रहा है। बच्चे-बुजुर्ग इससे सबसे ज्यादा परेशान हैं।
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ऐसे करें बचाव
- साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें।
- अपना नहाने का साबुन अलग रखें।
- गीले कपड़े देर तक न पहनें।
- हल्के, ढीले और सूती कपड़े पहनें।
- सोते वक्त मच्छरदानी लगाकर सोएं।
- बाहर की खुली चीजों का सेवन न करें।