पूरे प्रदेश में रेमडेसिविर इंजेक्शन की मांग बढ़ गई है। जहां एक ओर लोगों को इंजेक्शन मिलना मुश्किल हो रहा है, वहीं कौशाम्बी के जिला अस्पताल के स्टोर रूम से रेमडेसिविर इंजेक्शन पर चोरों ने हाथ साफ कर दिया है। घटना की जानकारी मंगलवार सुबह हुई तो अस्पताल प्रशासन में खलबली मच गई। मामले में स्टोर इंचार्ज की तरफ से सदर कोतवाली में तहरीर दी गई है।
जिला अस्पताल के सर्जिकल सेंट्रल स्टोर का ताला तोड़कर चोर सात रेमडेसिविर इंजेक्शन चोरी कर ले गए। यह इंजेक्शन फ्रीजर में रखा था। स्टोर का चार्ज फार्मासिस्ट सीबी सिंह के पास है। मंगलवार सुबह घटना की जानकारी होने के बाद अस्पताल प्रशासन में हड़कंप मच गया।
तकरीबन 22 सौ रुपये कीमत वाला यह इंजेक्शन ब्लैक में 40 से 50 हजार में बिक रहा है। हालांकि अस्पताल में सीसीटीवी कैमरा भी लगा है। पुलिस सीसीटीवी कैमरों की मदद से चोरों का सुराग लगाने की कोशिश कर रही है। लेकिन, अस्पताल से जुड़े सूत्रों की मानें तो चोरी करने वाले में विभाग का कोई कर्मचारी नहीं दिख रहा है।
सीएमएस डॉ. दीपक सेठ के निर्देश पर स्टोर इंचार्ज सीबी सिंह ने सदर कोतवाली में अज्ञात के खिलाफ तहरीर दी है। स्टोर इंचार्ज फार्मासिस्ट एसबी सिंह के मुताबिक सुबह नौ बजे मरीजों तक दवा पहुंचाने के लिए वार्ड की ओर गए। उसी दौरान जब वह वापस स्टोर पंहुचे तो रेमडेसिविर इंजेक्शन वाले बॉक्स का ताला टूटा मिला। बॉक्स से सात इंजेक्शन गायब थे। जिसकी सूचना उच्च अधिकारियो को दी गई है।
घटना के खुलासे के लिए एसपी ने की टीम गठित
मंझनपुर। रेमडेसिविर इंजेक्शन चोरी के मामले में पुलिस ने छानबीन शुरू कर दी है। जहां एक ओर अस्पताल के कर्मचारियों से पूछताछ की जा रही है, तो वहीं एसपी अभिनंदन ने एडिशनल एसपी समर बहादुर सिंह के नेतृत्व में एक टीम गठित की है। एसपी के मुताबिक पुलिस जल्द ही घटना का खुलासा करेगी। इसके अलावा उन्होंने बताया कि अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज को खंगाला जा रहा है। घटना के खुलासे के लिए फोरेंसिक टीम की भी मदद ली जा रही है।