दिवंगत पिता स्वर्गीय श्यामललाल की बरसी में शामिल होने के लिए डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य समस्याओं का पुलिंदा देख झल्ला गए। बोले बरसी करने आया हूं... फिर खुद को संभालते हुए लोगों से मुलाकात की और मौके पर मौजूद अफसरों को तत्काल समस्या निस्तारित करने का आदेश दिया।
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य के पिता श्यामलाल की छह अक्तूबर को मौत हो गई थी। सात अक्तूबर को कड़ा के हनुमान घाट में अंतिम संस्कार किया गया। इसके बाद तेरहवीं तक केशव मौर्य अपने गृह निवास सिराथू में रहे लेकिन लोग सिर्फ संवेदना जताने पहुंच रहे थे। इसके बाद से पहली बार वह गुरुवार को बरसी करने अपने गृह निवास सिराथू आए हैं। देर रात घर पहुंचे केशव मौैर्य सुबह उठते, इससे पहले ही फरियादियों की लंबी कतार लग गई।
हाईवे चौड़ीकरण में किसानों की जमीन जा रही है। किसान मोर्चा के अध्यक्ष अमृतलाल की अगुवाई में पहुंचे प्रतिनिधि मंडल ने सर्किल रेट से मुआवजा नहीं दिए जाने की बात कही। सिराथू तहसील के अधिवक्ता बसंत सिंह की अगुवाई में पहुंचे प्रतिनिधि मंडल ने पांच हजार रुपये लॉ बुक और पत्रिका के लिए, अधिवक्ता कल्याण निधि के लिए पांच लाख रुपये वार्षिक मुहैया कराने की मांग किया। इसके अलावा सैकड़ों लोगों ने अपनी समस्या बताई। इस पर केशव कुछ देर के लिए झल्लाए बोले बरखी में आया हूं...। बाद में खुद को संभालते हुए उन्होंने लोगों की समस्या सुनी और निस्तारण का आश्वासन दिया।