तहसीलदार के स्थानांतरण की मांग को लेकर धरने पर बैठे चायल के वकीलों ने मंगलवार तहसील दिवस में भाग लेने पहुंचे जिलाधिकारी का घेराव किया। अधिवक्ताओं ने डीएम के सामने भी ऐलान किया कि वे तहसीलदार के तबादले के बाद ही धरना खत्म करेंगे। मामले में जिलाधिकारी ने एसडीएम को तहसीलदार से जवाब तलब करने का निर्देश दिया है।
बता दें कि चायल तहसील में कार्यरत तहसीलदार की कार्यप्रणाली से खफा अधिवक्ता 15 दिनों से धरने पर बैठे है। वे तहसीलदार के तबादले पर अड़े हैं। इधर, प्रदर्शनकारी वकीलों ने मंगलवार को तहसील दिवस में भाग लेने पहुंचे जिलाधिकारी का भी घेराव किया।
इस दौरान डीएम ने वकीलों की समस्याएं और मांगें सुनी। साथ ही तीन दिन के भीतर जांच कराकर कार्रवाई किए जाने का आश्वासन देकर वकीलों से धरना समाप्त करने को कहा। पर, अधिवक्ता मांग पूरी होने तक धरना जारी रखने पर अड़े रहे। चायल तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष लालबाबू ने कहा कि तहसीलदार के तबादले के लिए यहां के अधिवक्ता आरपार की लड़ाई लड़ने के लिए तैयार हैं। बताया कि तहसील में आय, जाति, निवास आदि प्रमाणपत्रों के लिए लोगों को कई-कई दिनों तक दौड़ाया जाता है।
साथ ही दाखिल खारिज के लिए भी लोगों को महीनों परेशान होना पड़ता है। शिकायत के बाद भी तहसीलदार की कार्यप्रणाली और यहां की अव्यवस्था में कोई सुधार नहीं किया जा सका है। जिसे लेकर अधिवक्ताओं को यह कदम उठाना पड़ा है। जिलाधिकारी राजमणि यादव ने उपजिलाधिकारी (एसडीएम) रजनीश पांडेय को तहसीलदार से जवाब तलब करके रिपोर्ट देने का निर्देश दिया है। इस मौके पर सुनील त्रिपाठी, दीपक सिंह, मोहम्मद आमिर, मूलचंद्र, धनंजय, प्रदीप कुमार, सगीर अहमद, दिनेश कुमार आदि अधिवक्ता मौजूद रहे।