नोटबंदी के आठवें दिन बुधवार को लेनदने करने में ग्राहकों को तमाम दिक्कतों का सामना करना पड़ा। करीब 40 करोड़ रुपये जमा किए गए और तकरीबन 32 करोड़ ग्राहकों ने निकाले। इसके बाद भी लगभग 55 बैंकों से ग्राहक वापस कर दिए गए हैं। लेनदेन को लेकर बैंकाें में मारामारी की स्थिति रही। हंगामे के बीच बैंककर्मी किसी तरह स्थिति संभाले रहे। वहीं पुलिस भी सुबह से शाम तक हलाकान रही।
जिले में कुल 125 बैंक की शाखाएं हैं। बैंक ऑफ बड़ौदा के अलावा एसबीआई की सबसे ज्यादा शाखाएं हैं।
बुधवार को एसबीआई व बीओबी की भी शाखा ने लोगों को दगा दे दिया। करेंसी न पहुंचने की वजह से ग्रामीण इलाकों की शाखाओं ने ग्राहकों से रुपये जमा तो कराए गए, लेकिन उन्हें भुगतान नहीं किया जा सका। इसके बावजूद बुधवार को जिले भर की बैंकों में करीब 40 करोड़ जमा हुए, जबकि 32 करोड़ रुपये की निकासी हुई। बुधवार को अधिकांश बैंकों में भुगतान के लिए जमकर हल्ला हुआ। मुख्यालय समेत आसपास के बैंकों में दिन भर यही स्थिति रही। इसकी बड़ी वजह यह थी कि कैश कम था, जबकि ग्रामीण इलाकों में कैश ही खत्म था। कई बैंक ऐसे थे, जिनके पास कैश कम था। ग्राहकों की भीड़ को देख उन्होंने लोगों से विड्राल फार्म कम भरवाएं ताकि सभी लोगों को एक से दो हजार रुपये का भुगतान कर सकें। बुधवार को जिले के लगभग 55 बैंकों से लोगों को कैश नहीं मिल सका। वहीं एलडीएम दिनेश कुमार मिश्र का कहना है कि कुछ बैंकों की शाखाओं में रुपये नहीं पहुंचे हैं। इसके चलते वितरण में परेशानी हो रही है। एक-दो दिन के भीतर सभी शाखाओं में नोट पहुंच जाएंगे।
वहीं रिजवी फिल्म प्रोडक्शन की फिल्म टी फॉर ताजमहल की शूटिंग इन दिनों कौशाम्बी में चल रही है। फिल्म की मुख्य अभिनेत्री दिविता बाग को बुधवार को रुपये की जरूरत पड़ी। दिविता बाग ने बगैर किसी की मदद से अपने पास जमा पांच सौ व एक हजार की नोट को बदलने के लिए बीओबी की शाखा मंझनपुर पहुंची और लाइन लगाकर नोट बदलीं। चार हजार रुपये का भुगतान लेने के बाद वह चहकते हुए बैंक से बाहर निकलीं। उन्होंने कहा भी कि पीएम मोदी की यह पहल सराहनीय ह