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दो वोटों से जीतने के बाद कैसे हार गईं शकुंतला

Tue, 03 Nov 2015 11:37 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
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मंझनपुर। कौशाम्बी में जिला पंचायत सदस्य पदों की मतगणना में कैसी धांधली हुई है? इसका एक उदाहरण वार्ड संख्या 6 में देखने को मिला। जहां जिपं सदस्य पद की उम्मीदवार शकुंतला देवी के दो वोटों से जीतने के बाद प्रमाणपत्र दूसरे प्रत्याशी को दे दिया गया। सबसे खास यह है कि आनलाइन भी एक बार शकुंतला देवी को जीता हुआ दर्शा दिया गया था। मामले में प्रत्याशी और उसके समर्थकों ने आरओ पर मोटी रकम लेकर गड़बड़ी करने का आरोप लगाते हुए मंगलवार को जिला मुख्यालय में प्रदर्शन किया। डीएम और निर्वाचन आयोग से शिकायत करके जांच और कार्रवाई की मांग की गई है।


जिला पंचायत की 29 सीटों के लिए 9 से 29 अक्तूबर तक चार चरणों में मतदान कराया गया था। रविवार को वोटों की गिनती हुई। 24 से 30 घंटे तक चली मतगणना के दौरान सभी मतगणनास्थलों पर गड़बड़ी होने के आरोप लगे। कड़ा ब्लाक में वार्ड संख्या 7 और नेवादा ब्लाक में वार्ड संख्या 28 के नतीजे पर एतराज जताते हुए प्रत्याशियों ने सोमवार को मतगणनास्थल से लेकर जिला मुख्यालय तक हंगामा काटा। आरोप-प्रत्यारोप के बीच आधी रात मंझनपुर स्थित जिला पंचायत कार्यालय में जीते हुए उम्मीदवारों को प्रमाणपत्र दिए गए। प्रमाणपत्र देने के दौरान फिर से मतगणना की एक और धांधली सामने आई।
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वार्ड संख्या 6 की उम्मीदवार शकुंतला देवी को 2 वोटों से जीता हुआ बताकर उसे प्रमाणपत्र के लिए मंझनपुर भेज दिया गया था। यहां आने पर उसे करीब 69 वोटों से हरा हुआ बताकर संगीता देवी को जीत का प्रमाणपत्र दे दिया गया। यहां सबसे दिलचस्प यह है कि शकुंतला देवी को आनलाइन भी एक बार जीता हुआ दर्शा दिया गया था। दो वोट से जीतने के बाद उसे हरा हुआ बताकर प्रमाणपत्र नहीं देने से शकुंतला देवी और उनके समर्थकों में जबरदस्त गुस्सा है। मंगलवार को प्रत्याशी और समर्थकों ने जिला मुख्यालय में जमकर प्रदर्शन किया।
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 तहसील दिवस में भी डीएम का घेराव किया गया। आरओ पर मोटी रकम लेकर नतीजा बदलने का आरोप लगाते हुए प्रत्याशी ने जिला निर्वाचन अधिकारी को शिकायतीपत्र दिया है। साथ ही उसने निर्वाचन आयोग को भी शिकायत पत्र फैक्स कराकर पुनर्मतगणना और आरोपी आरओ की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है। मामले में जिला निर्वाचन अधिकारी अनिल कुमार सिंह ने जांच कराने का भरोसा उम्मीदवार को दिया है।
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