बरई सलेमपुर सगरा गांव स्थित मंदिर के बगल में शव दफनाने को हुए विवाद के बाद जांच करती पुलिस।
संदीपन घाट कोतवाली के बरई सलेमपुर सगरा गांव में मंदिर के समीप शव दफनाने को लेकर शनिवार दोपहर आक्रोश फैल गया। शिकायत पर पहुंची पुलिस व राजस्व टीम ने भूमि की नापजोख कराई। मामले को लेकर कोतवाली में देर शाम तक पंचायत होती रही, लेकिन कोई निष्कर्ष नहीं निकल सका।
बरई सलेमपुर सगरा निवासी वृद्ध कामता प्रसाद की 21 अगस्त को मौत हो गई थी। आरोप है निधन के बाद बेटे संतोष कुमार ने गांव स्थित मंदिर के समीप उनका शव दफना दिया। शनिवार दोपहर अचानक भूमि को अपना बताते हुए कुछ ग्रामीण आक्रोशित हो गए और कब्रिस्तान के समीप इकट्ठा होने लगे। इसी बीच किसी ने मामले की जानकारी पुलिस को दे दी। मौके पर पहुंची पुलिस को वेदराम आदि ने शिकायती पत्र दिया। पुलिस ने राजस्व टीम बुलाकर नापजोख कराई। पैमाइश में मृतक अथवा उसके बेटे की भूमि नहीं मिली। संदीपन घाट थाना प्रभारी बृजेश करवरिया ने बताया कि मौके पर किसी तरह का कोई तनाव नहीं है। दोनों पक्षों के बीच समझौते का प्रयास जारी है। शव को दूसरे स्थान पर दफन कराने की भी बात चल रही है। विवाद का हल नहीं निकलने पर आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
वेतन और मोबाइल मांगने पर खलासी को दी धमकी
चायल। पिपरी कोतवाली के मखऊपुर गांव में शुक्रवार शाम वेतन और मोबाइल वापस मांगने पर ट्रक खलासी को धमकी दी गई। मखऊपुर गांव निवासी अनिल कुमार ट्रक पर खलासी का काम करता है। बताया कि भरतकूप से गिट्टी लादकर लौटते समय ट्रक में उसका मोबाइल छूट गया था। घर लौटने के बाद उसने ड्राइवर को फोन कर अपना मोबाइल और वेतन के सात हजार रुपये मांगे। आरोप है कि ड्राइवर ने उसे गाली गलौज कर मारपीट की धमकी देने लगा। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस घटना की छानबीन कर रही है। संवाद