चेतावनी के बाद भी बेसिक शिक्षक मनमानी से बाज नहीं आ रहे हैं। शुक्रवार को इसका नमूना साफ दिखा। निरीक्षण के दौरान चार विद्यालयों के छह शिक्षक एवं शिक्षामित्र बगैर किसी सूचना के अनुपस्थित मिले। बीएसए कमलेंद्र कुमार कुशवाहा ने सभी के अनुपस्थित दिवस का मानदेय/वेतन अगले आदेश तक के लिए रोक दिया।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने परिषदीय स्कूलों में पठन-पाठन दुरुस्त करने के लिए शुक्रवार को आठों एबीएसए तीनों डीसी व एक एमआईएस समेत 12 अफसरों की टीम बनाकर कौशाम्बी ब्लॉक के विद्यालयों का औचक निरीक्षण कराया।
विज्ञापन
प्रत्येक टीम ने पांच-पांच विद्यालयों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अफसरों को महगांव स्कूल में शिक्षामित्र नाजमी जुनैद, रक्सराई में सहायक अध्यापक आशुतोष ओझा, परिचारक शिवाकांत, सोंधिया में शिक्षामित्र सीमा ओझा, तथा धरमपुर स्कूल में सहायक अध्यापक कौशलेश कुमार और शिक्षामित्र प्रमोद सिंह ड्यूटी से गैरहाजिर मिले।
बीएसए ने सभी के एक दिन का मानदेय/वेतन अगले आदेश तक के लिए रोक दिया। इसके अलावा उन्होंने खुद मूरतगंज व सिराथू ब्लॉक के पांच विद्यालयाें का निरीक्षण किया। कंपोजिट स्कूल बिसारा में टाइम टेबल के अनुसार कक्षाएं नहीं चल रही थी। सभी शिक्षक इकट्ठा बैठे थे।
निपुण लक्ष्य के संदर्भ में किसी भी शिक्षक ने कोई क्रियाकलाप नहीं किया। बीएसए ने प्रधानाध्यापक समेत समस्त शिक्षकों से स्पष्टीकरण तलब किया। प्राथमिक विद्यालय बिछौरा के निरीक्षण में बीएसए को शैक्षणिक स्तर बेहद घटिया मिला। निपुण लक्ष्य के प्रति भी गंभीरता नहीं दिखी।
कायाकल्प के तहत भी प्रधानाध्यापक सही जानकारी नहीं दे सके। इस पर प्रधानाध्यापक को नोटिस जारी कर जवाब-तलब किया गया। इसके अलावा प्राइमरी स्कूल महगांव, गिरसा तथा उप्रावि. असवां का भी निरीक्षण किया।