कांग्रेस की 27 साल यूपी बेहाल यात्रा में बुजुर्गों का झुंड ही नजर आया। मंच से लेकर भाषण सुनने वालों तक। मंच पर पार्टी के बुजुर्ग नेता डटे रहे तो सुनने वालों में भी 40 के पार लोग ही थे। पूरी सभा से नौजवानों की भीड़ गायब थी। ऐसे में कांग्रेस चुनाव वैतरणी कैसे पार कर पाएगी, जबकि चहुंओर युवाओं की बात हो रही है।
इस बार होने वाले विधान सभा चुनाव में 60 फीसदी मतदाता 18 से 30 की उम्र के बीच के रहने वाले हैं। ऐसे में लगभग सभी पार्टियां नौजवानों को तरजीह दे रही हैं। मगर कांग्रेस अभी भी ओल्ड इज गोल्ड के जुमले के सहारे चुनावी नैया पार करने में लगी है। इस बात का अंदाजा ऐसे भी लगाया जा सकता है कि जिले की तीनों विधानसभा सीटों पर टिकट मांगने वालों की उम्र करीब 50 के पार है। ऐसे में यात्रा के स्वागत और सभा स्थल पर पहुंचे तमाम दावेदारों के साथ भी 40 पार के लोग शामिल थे।
ऐसे में कांग्रेस की नीतियों को जब तक युवा नहीं समझेंगे पार्टी को बढ़त कैसे मिलेगी, इस सवाल पर चर्चा शुरू हो गई है। सभा में महिलाओं की संख्या भी न के बराबर रही। जबकि नारी सशक्तिकरण के लिए कोई भी पार्टी पीछे नहीं है। यहां तक कि कांग्रेस ने भी महिला चेहरा ही सीएम उम्मीदवार के तौर पर चयनित किया है। ऐसे में महिलाओं का पार्टी के कार्यक्रमों से नहीं जुड़ना, पार्टी प्रबंधन की कार्यशैली पर सवाल खड़ा करता है।
जगह-जगह हुआ स्वागत
27 साल कांग्रेस यूपी बेहाल यात्रा लेकर पहुंचे वरिष्ठ कांग्रेसियों का जगह-जगह भव्य स्वागत हुआ। यात्रा में पूर्व मंत्री श्री प्रकाश जायसवाल, संजय सिंह, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रीता बहुगुणा जोशी, जफर अली, नंद गोपाल गुप्ता नंदी, भगवती प्रसाद चौधरी, रामयज्ञ द्विवेदी, सुधाकर तिवारी, मुकुंद तिवारी, तलत अजीम, महेंद्र गौतम, इलाहाबाद के महासचिव जैगम खान शामिल रहे। मूरतगंज में मॉडल डिस्ट्रिक बार एसोसिएशन के महामंत्री अजय पांडेय ने यात्रा का स्वागत किया। जबकि भरवारी में कांग्रेस व्यापारी प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष रमेश अग्रहरि ने स्वागत किया। रमेश अग्रहरि और तलत अजीम ने शीला दीक्षित को चांदी का मुकुट पहना कर स्वागत किया।