mother thrown her own new girl baby at chc campus in saraiakil
- फोटो : KAUSHAMBI
सरायअकिल। रविवार और सोमवार की दरमियानी रात कोई मां नवजात बच्ची को सरायअकिल सीएचसी परिसर में लावारिस हालत में छोड़कर चली गई। बच्ची जोर-जोर से रोए जा रही थी। बच्ची के रोने की आवाज सुनकर अस्पताल कर्मी दौड़े और डॉक्टरों को सूचना दी। इसके बाद चिकित्सकों ने बच्ची का इलाज किया। डॉक्टरों के अनुसार बच्ची फिलहाल स्वस्थ है।
गोरखपुर जनपद का अशोक यादव 108 एंबुलेंस का चालक है। वह सीएचसी परिसर स्थित स्टॉफ कॉलोनी में रहता है। अशोक के मुताबिक रविवार रात लगभग 12 बजे वह परिसर में एंबुलेंस खड़ी कर रहा था। इस बीच कुछ दूरी पर बहुत जोर-जोर से कुत्ते भौंक रहे थे। आशंकावश वह पास पहुंचा तो वहां नवजात के रोने की आवाज आ रही थी। उसने और समीप जाकर देखा तो पता चला कि वहां घासफूस के बीच कपड़े में लिपटी एक बच्ची पड़ी है। अशोक ने फौरन इसकी सूचना साथी कर्मचारियों को दी।
सूचना पर मौके पर पहुंचे डॉक्टरों ने मासूम को गोदी में उठा लिया और अस्पताल लाकर तत्काल उसका इलाज शूरू कर दिया। अस्पताल के अधीक्षक डॉ. मो. सऊद के मुताबिक नवजात बच्ची को अभी बुखार है जिसका इलाज किया जा रहा है। फिलहाल, वह खतरे से बाहर है। उन्होंने बताया कि लावारिस हालत में नवजात बच्ची के मिलने की सूचना स्थानीय पुलिस को दे दी गई है। वहीं, खबर फैलने पर सोमवार को सुबह से ही मासूम को गोद लेने वालों का अस्पताल परिसर में तांता लगा रहा। बच्ची को किसी के सुपुर्द नहीं किया गया है, उसे अस्पताल कर्मियों की देखरेख में रखा गया है।
ट्रैक्टर की टक्कर से बाइक सवार गंभीर
सिराथू। सैनी कोतवाली क्षेत्र के कमासिन गांव निवासी वाहिद अहमद व किताब उल्ला सोमवार को अपनी रिश्तेदारी से घर लौट रहे थे। जैसे ही वह लोग कड़ाधाम कोतवाली के गदरियापुर गांव के समीप पहुंचे तभी तेज रफ्तार ट्रैक्टर ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में दोनों को गंभीर चोट आई है। हादसे की जानकारी पर पहुंचे स्थानीय लोगों ने घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा है।