केपीयूसी हॉस्टल पर बिजली बिल का 80 लाख रुपये और जलकर व गृहकर के रूप में एक करोड़ रुपये से अधिक धनराशि बकाया है। हॉस्टल में कोई प्राचार्य नियुक्त नहीं है और इस बीच हॉस्टल अधीक्षक के इस्तीफे ने ट्रस्ट के लिए चुनौती खड़ी कर दी है।
केपीयूसी हॉस्टल का संचालन केपी ट्रस्ट करता है। कुछ वर्षों पहले हॉस्टल पर बिजली बिल का तकरीबन ढाई करोड़ रुपये बकाया था। बाद में ब्याज माफ कराया गया और केपी ट्रस्ट ने 1.27 करोड़ रुपये जमा कर बिजली बिल का बकाया जमा किया लेकिन इसके बाद बिजली का बिल जमा नहीं किया गया जबकि छात्रों से हॉस्टल शुल्क नियमित रूप से लिया जाता रहा।
21 साल से हॉस्टल की प्रशासनिक जिम्मेदारी संभाल रहे डॉ. हौसिला सिंह ने मंगलवार को पद से अचानक इस्तीफा दे दिया। केपी ट्रस्ट के अध्यक्ष चौधरी राघवेंद्र नाथ सिंह का कहना है कि पिछले दिनों हुई केपी ट्रस्ट की बैठक में चर्चा हुई थी कि हॉस्टल को लीज पर इलाहाबाद विश्वविद्यालय को दे दिया जाएगा लेकिन बैठक में इस पर सहमति नहीं बनी और यह तय हुआ कि ट्रस्ट अपने स्तर से हॉस्टल के संचालन का एक और प्रयास करेगा।
केपी ट्रस्ट के अध्यक्ष ने बताया कि हॉस्टल के प्राचार्य की नियुक्ति के लिए डीएसडब्ल्यू को पत्र लिखा गया था। एक बार प्राचार्य की नियुक्ति के बाद प्रशासनिक स्तर पर व्यवस्थाएं दुरुस्त कर ली जाएंगी। हॉस्टल का बेहतर तरीके से संचालन किया जा सके, जल्द ही इसके लिए भी योजना तैयार कर ली जाएगी।