उसने यह बात धारा से बताई तो वह भी तैयार हो गया। शादी की सारी तैयारियां की गईं। इस पर सुमित के पिता धारा तथा बेटी के पिता अर्जुन ने पेरोल मांगी थी। पुलिस अभिरक्षा में वर-वधू के सजायाफ्ता पिता को पेरोल पर छोड़ा गया। बुधवार को धूमधाम से शादी की रस्में पूरी हुईं।
शासन की स्वीकृति मिलने के बाद विवाह की रस्म निभाने के लिए कैदी अर्जुन सिंह को 21 दिन तथा धारा सिंह को चार दिन का पेरोल दिया गया है। पैरोल खत्म होने के बाद उन्हें फिर से जेल में दाखिल करा दिया जाएगा।
- भूपेश सिहं, प्रभारी जेल अधीक्षक