फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आईओसी नहीं सुन रहा एसपी की सिफारिश

Mon, 01 Jun 2015 11:47 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, काैश्ाांबी
विज्ञापन
विज्ञापन
पुलिस लाइन में रसोई गैस एजेंसी खोलने की एसपी की सिफारिश आईओसी लगातार ठुकरा रहा है। पुलिस कप्तान ने 8 महीने के दौरान कुल 7 बार पत्र और रिमांडर भेजा है। इसके बाद भी अभी तक इंडियन ऑयल कार्पोरेशन ने कौशाम्बी पुलिस लाइंस में रसोई गैस एजेंसी खोलने में दिलचस्पी नहीं दिखाई। पुलिस अधीक्षक ने सोमवार को एक बार फिर रिमांइडर भेजा है। आईओसी के अफसरों की इस अनदेखी से पुलिस अधिकारियों, कर्मचारियों को रसोई गैस की किल्लत से जूझना पड़ रहा है।
विज्ञापन


बतादें कि जिले में पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की संख्या लगभग 7000 है। बता दें कि मंझनपुर कोतवाली, पुलिस लाइन्स समेत अन्य थानों में पुलिस जवानों का भारी भरकम स्टाफ रह रहा है। इनमें अधिकतर पुलिसवाले तो परिवार के साथ रहते हैं। पुलिस अफसरों की मानें तो लाइन्स और थानों में बनी कॉलोनियों में रहने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों को रसोई गैस के लिए दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। पुलिस लाइंस से मंझनपुर गैस एजेंसी की दूरी करीब 8 किलोमीटर है। वहां से रसोई गैस सिलेंडर ले आने में पुलिस कर्मचारियों को परेशानी झेलनी पड़ती है। खासकर दूसरे जिलों में ड्यूटी लग जाने के दौरान सिपाही, दरोगाओं के घरों की महिलाएं रसोई गैस खत्म हो जाने की स्थिति में चूल्हे का सहारा लेने को मजबूर होती हैं। पुलिसकर्मियों की इस समस्या को देखते हुए एसपी रतनकांत पांडेय ने एक सितम्बर 2014 को आईओसी के मुख्य क्षेत्रीय प्रबंधक को पत्र भेजकर पुलिस लाइन में रसोई गैस एजेंसी खुलवाने की मांग की थी।

एसपी ने तर्क दिया था कि पुलिस लाइन्स परिसर में गोदाम के लिए पर्याप्त मात्रा में भूमि है। एजेंसी खुलने के बाद पुलिस अफसरों, कर्मचारियों के साथ ही इलाकाई लोगों को भी रसोई गैस के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। एसपी ने बताया कि सितंबर 2014 को पत्र भेजने के बाद उन्होंने 8 जनवरी 2015, चार फरवरी, 25 फरवरी, 11 मार्च, छह अप्रैल और 30 अप्रैल को भी आईओसी को रिमाइंडर भेजा। इसके बाद भी आईओसी की ओर से एक भी कदम आगे नहीं बढ़ाया गया। इसे देखते हुए परेशान एसपी ने फिर से इंडियन आयल कार्पोरेशन के मुख्य क्षेत्रीय प्रबंधक को रिमाइंडर भेजा है। अब देखना है कि कितने दिनों तक आईओसी एसपी की सिफारिशों की अनदेखी करता रहता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें