सिराथू ब्लाक के सौरईखुर्द गांव में पानी का संकट गहरा गया है। करीब चार
हजार की आबादी में लगे लगभग 36 हैंडपंपों में 24 हैंडपंप एक साल से खराब
हैं। इस वजह से लोगों को आस-पास के निजी नलकूपों से पानी लाना पड़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि हैंडपंपों को दुरुस्त कराए जाने के लिए कई बार
बीडीओ के अलावा जल निगम के अफसरों से गुहार लगाई गई। इसके बाद भी हैंडपंपों
को दुरुस्त नहीं कराया गया। इससे ग्रामीणों में जबरदस्त आक्रोश है।
लोगाें
का कहना है कि गांवों में खराब हैडपंपो को दुरुस्त नहीं कराया जा रहा है।
इसका खामियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है। सिराथू ब्लाक के सौरईखुर्द गांव
में चार हजार की आबादी को प्यास बुझाने के लिए करीब 36 हैंडपंप लगाए गए
है। इनमें से करीब 24 हैंडपंप एक साल से खराब हैं। गांव के नवी अहमद, नौशाद
अहमद, धनपत, गनेशी लाल, दिनेश कुमार आदि का कहना है कि हैंडपंपों को
दुरुस्त कराने के लिए कई बार खंड विकास अधिकारी और जलनिगम के अफसरों से
गुहार लगाई गई। आज तक हैंडपंपों को को दुरुस्त नहीं कराया गया। ऐसे में
लोगों ने आस-पास लगे निजी नलकूपों से पानी लाकर प्यास बुझानी पड़ रही है।