किसान और आमजन की समस्याओं को लेकर रविवार को मंझनपुर में भाकियू ने हुंकार भरी। जिला पंचायत परिसर में बैठक करके जहां कार्यकर्ताओं ने अफसरों पर किसानों की अनदेखी का आरोप लगाया। वहीं बिजली, पानी, पट्टा, पेंशन आदि मांगों को लेकर नारेबाजी किया। भाकियू कार्यकर्ताओं ने अनदेखी पर धरना-प्रदर्शन की चेतावनी दी है।
भारतीय किसान यूनियन की रविवार को मंझनपुर स्थित जिला पंचायत परिसर में बैठक हुई। इसमें बिजली की अंधाधुंध कटौती, खराब पड़े सरकारी नलकूपों, हैंडपंपों की मरम्मत नहीं किए जाने, अपात्रों को विधवा, विकलांग और समाजवादी पेंशन दिए जाने पर गुस्सा जताया गया। जिलाध्यक्ष बलवीर सिंह चौहान ने कहा कि अफसर किसानों की समस्याओं के निस्तारण में तनिक भी गंभीरता नहीं दिखाते हैं। बार-बार शिकायत के बाद भी विधवा, विकलांग और समाजवादी पेंशन का सत्यापन नहीं कराया जा रहा है।
जिससे गरीब किसी भी सरकारी योजना का लाभ नहीं पा रहे हैं। मंडल अध्यक्ष नूरूल इस्लाम ने कहा कि जिले की नहरों से धूल उड़ रही है। किसानों को अफसर झूठी दिलासा दिलाते रहते है। चेताया कि यदि पखवारे भर के भीतर करारी और अलीपुरजीता माइनर में पानी नहीं छोड़ा गया तो भाकियू कार्यकर्ता हाईवे पर चक्का जाम करने को मजबूर होगें। दस मौके पर सिद्धशरण गुप्ता, भइयालाल धुरयिा, सुशील सिंह, रणवीर सिंह, केवली देवी, नूरजहां, छोटेलाल, रमाकांत गौतम आदि मौजूद रहे।