राशन की कालाबाजारी और घटतौली को लेकर चायल के बंथरी गांव के कोटेदार के खिलाफ कार्डधारकों ने मोर्चा खोल दिया है। दुकानदार पर वितरण प्रणाली में मनमानी का आरोप लगाते हुए शुक्रवार को कलेक्ट्रेट आकर प्रदर्शन किया। जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर दुकान निरस्त कराए जाने की मांग की। डीएम ने ग्रामीणों की समस्या सुनते हुए एसडीएम चायल को जांच और कार्रवाई का निर्देश दिया है।
चायल तहसील क्षेत्र के बंथरी गांव की रहने वाली सकुन देवी, निर्मला देवी, मंजू देवी, शिव रानी, नीता देवी, राज कुमारी, कुसुम देवी, गोलकी देवी, कुंती देवी आदि का कहना है कि गांव का कोटेदार गरीबो को समय से राशन केरोसिन नहीं वितरित करता है। गरीबों के निवाले को उन्हे न देकर बाजार में बेंच दिया जाता है। घटतौली और कालाबाजारी का विरोध करने पर दुकानदार कार्डधारकों के साथ मारपीट पर अमादा हो जाता है।
जिसकी शिकायत कई बार खंड विकास अधिकारी और क्षेत्रीय पूर्ति निरीक्षक से की गई। इसके बाद भी दुकानदार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। अफसरों की इस अनदेखी के चलते गांव में किसी दिन बड़ी घटना से इंकार नहीं किया जा सकेगा। कोटेदार की मनमानी से खफा कार्ड धारकों ने शुक्रवार को मंझनपुर आकर कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देते हुए ग्रामीणों ने दुकान निरस्त कराए जाने और दोषी दुकानदार के खिलाफ कार्रवाई किए जाने की मांग की। जिलाधिकारी अखंड प्रताप सिंह ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम चायल को जांच और कार्रवाई का निर्देश दिया है।