लूट और हत्या के दोषी कोइलहा गांव के राकेश कुमार और बड़ागांव के मक्खनलाल को अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। इन दोनों ने 12 साल पहले बड़ा गांव के एक युवक को लूट के दौरान गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया था। न्यायालय ने दोषियों पर 45-45 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता एडीजीसी (फौजदारी) त्रिलोकी चंद्र केसरवानी के मुताबिक कोखराज थाना क्षेत्र के बड़ा गांव निवासी जुनैद पुत्र यार मोहम्मद उर्फ नन्हें पहलवान 8 फरवरी 2013 को अपने बेटे असलम और पड़ोसी महताब पुत्र आकिल के साथ बकरा बेचने इलाहाबाद गया था। बकरा बेचने के बाद उसने तीन बकरियां खरीदी थी। बकरियां लेकर तीनों लोग जैसे ही रात 8 बजे गांव के समीप पहुंचे। तभी लूट की नीयत से आधा दर्जन लोगों ने इनके ऊपर हमला कर दिया। लूट का विरोध करने पर इन युवकों ने जुनैद को तमंचे से गोली मार दी।
फायरिंग की आवाज और चीख-पुकार पर गांववाले दौड़े, तो हमलावर भाग निकले। घरवालों ने गोली लगने से जख्मी जुनैद को इलाहाबाद में भर्ती कराया। जहां उसकी मौत हो गई। इस मामले में जुनैद के भाई नवाब अहमद की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करके तफ्तीश शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने राकेश उर्फ पप्पू पुत्र श्री पासी निवासी कोइलहा (पुरामुफ्ती), मक्खनलाल समेत 6 बदमाशों का नाम प्रकाश में लाया। साथ ही आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया। यह मुकदमा अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश डॉ.राकेश कुमार की अदालत में चला। अभियोजन और बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने राकेश कुमार उर्फ पप्पू और मक्खन लाल को दोषी पाते हुए उम्रकैद और विभिन्न धाराओं में 45-45 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। जबकि अन्य आरोपियों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया।