पिपरी क्षेत्र के बिलासपुर गांव की कोटेदार शशिदेवी के पति ने सोमवार की रात खुद को गोली मारकर जान दे दी। घटना के समय वह और उसका एक बेटा ही घर में थे। पत्नी और परिवार के अन्य सदस्य एक दावत में शामिल होने गए थे। घरवालों के मुताबिक कोटे की दुकान निरस्त होने और जानलेवा हमले के मुकदमे में फंसे होने के कारण वह काफी दिनों से तनाव में थे। कोटेदार के पति की गोली लगने से हुई मौत मामले की जांच में पुलिस जुटी है।
पिपरी थाना क्षेत्र के बिलासपुर गांव निवासी रमेश सोनी (55) की पत्नी शशि देवी के नाम सस्तेदर की दुकान आवंटित है। साथ ही उसकी एक स्वर्ण आभूषण की दुकान भी कादिलपुर बाजार में है। खाद्यान्न वितरण में अनियमितता के कारण करीब 6 महीने पहले दुकान निरस्त कर दी गई थी। वहीं, करीब सालभर पहले स्वर्ण आभूषण की दुकान पर हुई कहासुनी के दौरान उसके एक बेटे ने ग्राहक के ऊपर ज्वलनशील पदार्थ फेंककर उसे झुलसा दिया था। इस मामले में रमेश और उसके दो बेटे को गिरफ्तार करके पुलिस ने जेल भी भेजा था।
जो जमानत पर छूटे थे। जानलेवा हमले का यह मुकदमा चल रहा है। दुकान निरस्त होने, मुकदमें में फंसने के कारण रमेश कुछ दिनों से तनाव में रहता था। इधर, सोमवार को पत्नी और परिवार के अन्य सदस्य रिश्तेदार के यहां शादी में शामिल होने गए थे। घर में रमेश और उसका छोटा बेटा प्रभम ही मौजूद थे। प्रभम के मुताबिक रात करीब 11 बजे वह खाना खाने के बाद टीवी देख रहा था। पिताजी अपने कमरे में लेटे थे। तभी गोली चलने की आवाज सुनकर वह सन्न रह गया। वह पिता के कमरे में भागकर पहुंचा, वहां वह खून से लथपथ पड़े थे। गोली सिर में लगी थी। गोली चलने की आवाज और प्रभम की चीखें सुनते ही आसपास के अन्य लोग भी जुट गए।
लोग उन्हें उठाकर जब तक अस्पताल ले जाते, उसकी सांसें थम चुकी थी। गोली लगने से कोटेदार के पति की मौत की खबर लगते ही पुलिस पहुंची। मौके पर मिला तमंचा पुलिस ने कब्जे में ले लिया है। छानबीन करने के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेजकर पुलिस घटना की तफ्तीश में जुटी है। एसओ पिपरी विनोद यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि अधेड़ ने खुद को गोली मारकर जान दी है। घटना की बारीकी से जांच की जा रही है।