मानदेय नहीं मिलने और मांगने पर नौकरी से छुट्टी करने से तमतमाए नगर पंचायत भरवारी के सफाईकर्मियों ने बेमियादी हड़ताल शुरू कर दी है। कर्मियों ने अधिशाषी अधिकारी को ज्ञापन देकर मानदेय भुगतान और नौकरी से निकाले गए कर्मियों को बहाल किए जाने की मांग की। चेताया कि समस्या का समाधान होने तक उनकी हड़ताल चलती रहेगी।
नगर पंचायत भरवारी के सफाईकर्मी पिछले कई दिनों से मानदेय भुगतान को लेकर अपनी आवाज बुलंद कर रहे हैं। सोमवार को इन कर्मियों ने कलेक्ट्रेट जाकर हुंकार भरी थी। मंगलवार को कर्मचारियों ने बेमियादी हड़ताल शुरू कर दी। कार्य बहिष्कार करके नगर पंचायत कार्यालय के सामने बैठे सफाईकर्मी शिवलखन, कुलदीप कुमार, विनोद कुमार, प्रमोद कुमार, लखनलाल, प्रदीप कुमार, रामप्रसाद, जीतेंद्र कुमार, राधिका देवी, गीता देवी, दलीप कुमार हेला आदि ने बताया कि उन्हें तीन महीने से मानदेय नहीं दिया जा रहा है। मानदेय मांगने पर कई सफाईकर्मी और दैनिक वेतनभोगी मजदूरों को काम से भी हटा दिया गया है।
इसका विरोध करने पर सफाईकर्मियों के साथ दुर्व्यवहार किया जाता है। नगर पंचायत के अधिकारियों की मनमानी के खिलाफ सफाईकर्मियों ने ज्ञापन अधिशाषी अधिकारी को दिया। इसमें मांग की गई है कि हटाए गए कर्मियों को दुबारा काम पर रखने के साथ ही सभी को मानदेय का भुगतान किया जाए। चेताया कि मांगें पूरी हुए बगैर वे अपनी यह हड़ताल समाप्त नहीं करेंगे। मामले में नगर पंचायत अध्यक्ष संजय गुप्ता ने बताया कि किसी भी कर्मचारी को काम से हटाया नहीं गया है। सिर्फ तीन कर्मचारियों को उनके मानदेय का भुगतान सिर्फ इसलिए नहीं हो पा रहा है कि उन्होंने बैंक में अपना खाता नहीं खुलवाया है। साथ ही अब तक अपना पहचानपत्र भी उपलब्ध नहीं करा सके हैं। अध्यक्ष की मानें तो सफाई कर्मियों के सारे आरोप बेबुनियाद हैं। यह सब विपक्षियों की साजिश है।