मंझनपुर। कौशाम्बी के पश्चिमशरीरा का 14 वर्षीय लवकुश आठ महीने से लापता है। परिजन उसकी तलाश में भटक रहे हैं। पुलिस में भी उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई गई है। पर, अब तक बच्चे का कोई सुराग नहीं लगा। इसी तरह से गुजरे वर्ष सालभर में 28 बच्चों समेत जिले के कुल 58 लोग लापता हुए थे। इनमें से सिर्फ 20 की बरामदगी हो सकी है। अब भी 38 परिवार अपनों के घर लौटने का इंतजार कर रहे हैं। पुलिस ने इनकी खोज के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन के साथ आपरेशन इस्माइल अभियान भी चलाया था। पर, लापता लोगों को खोजने में कामयाबी नहीं मिली।
द्वाबा के गांव और कस्बों से लड़के-लड़कियों के गायब होने का सिलसिला जारी है। पुलिस सिर्फ गुमशुुदगी दर्ज करने तक सिमटी रहती है। हालांकि गुजरे साल उच्चाधिकारियों के आदेश पर बच्चों की खोजबीन के लिए कौशाम्बी में भी आपरेशन इस्माइल चलाया गया था। पर, इसमें भी ज्यादा सफलता पुलिस को नहीं मिली। बता दें कि गुजरे साल 16 से कम उम्र के 28 लड़के-लड़कियां लापता हुए थे। इसके अलावा 30 युवक-युवतियां भी संदिग्ध हाल में लापता हैं। बीते वर्ष जिले के कुल गायब हुए 58 लोगों में पुलिस सिर्फ 20 लोगों की ही खोज कर पाई है। इसमें 15 बच्चे और पांच युवक-युवतियां शामिल हैं। शेष लापता 38 लोगों का अब भी सुराग नहीं लग सका है।