जिला स्तरीय पांच अधिकारी समाजवादी पार्टी के पदाधिकारियों के निशाने पर हैं। उनकी सिफारिश न सुनने वाले अफसरों को जिले से हटाने का मंसूबा तैयार कर लिया गया है। माना जा रहा है कि 28 को मुख्यमंत्री पार्टी पदाधिकारियों की सिफारिश पर इन अफसरों के खिलाफ कुछ न कुछ कार्रवाई जरूर करेंगे।
सीएम अखिलेश यादव के आगमन को लेकर सत्ता के नेताओं में खासा उत्साह दिख रहा है। पार्टी के नेताओं ने ऐसे प्रत्येक अधिकारी को निशाने पर ले रखा है जिसने उनकी जायज और नाजायज मांग की अनसुनी कर दी है। संबंधित अधिकारी की अफसरशाही को लेकर मन में गुबार रखने वाले नेता उनकी पूरी खबर लेने को तैयार हैं। सूत्रों की मानें तो पुलिस विभाग के एक, कलेक्ट्रेट के एक, बिजली विभाग के एक और विकास भवन के दो अफसरों के खिलाफ शिकायत का पुलिंदा तैयार किया जा चुका है। बहरहाल कुछ भी हो मुख्यमंत्री ने शिकायत पर संजीदगी दिखाई तो इन पांच अफसरों पर कार्रवाई की गाज गिरना तय है। इसे लेकर जिले भर में चर्चाओं का बाजार गर्म है।
पोस्टर, झंडा, बैनर के नाम पर हुई वसूली
मुख्यमंत्री के आगमन पर जिले को पोस्टर, झंडा और बैनरों से सजाए जाने के लिए जमकर वसूली की गई। इसकी चर्चा दो दिन से जिले भर में जोरों पर है। लोगों का कहना है कि कोटेदार और ग्राम प्रधान के अलावा थानेदारों को भी इसका टारगेट दिया गया है।
सूबे के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का आगमन शनिवार को जिले में हैं। वह पुलिस लाइन में हेलीकॉप्टर से लैंड करने के बाद सड़क मार्ग से ओसा मंडी पहुंचेंगे और जनसभा करेंगे। इसके बाद वह सड़क मार्ग से ही मूरतगंज हाइवे पहुंचकर मुख्यालय की फोरलेन का उद्घाटन करेंगे। ऐसे में उनके लिए सड़क मार्ग को पोस्टर, बैनर और झंडे से सजाया जाना है। माना जा रहा है कि इस पर भारी खर्च आ रहा है। इसे देखते हुए पार्टी के नुमाइंदों ने जिले के कई थानेदारों, कोटेदारों और ग्राम प्रधानों से जमकर वसूली की। पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की वसूली की चर्चा दो दिन से जिले भर में जोरों पर है। सूत्रों की माने तो एक सेक्रेटरी द्वारा प्रधान से मांगी गई रकम की शिकायत भी मुख्य विकास अधिकारी तक पहुंच गई है। बहरहाल कुछ भी हो वसूली की चर्चाओं का बाजार बृहस्पतिवार को पूरी तरह गरम रहा।
मुख्यमंत्री के आगमन का अफसरों ने लिया जायजा
मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर मंडलायुक्त और पुलिस उप महानिरीक्षक इलाहाबाद ने ओसा मंडी जनसभा स्थल का निरीक्षण किया। यहां के बाद वह मूरतगंज में बन रहे हैलीपैड स्थल पर गए।