पुनरीक्षित राष्ट्रीय क्षय नियंत्रण कार्यक्रम अंतर्गत जिला जेल में जागरूकता के लिए कार्यशाला का आयोजन हुआ। कार्यशाला में टीबी रोग की आशंका पर 19 कैदियों की पहचान कर उनका बलगम जांच के लिए भेजा गया। इस मौके पर कैदियों को एड्स और टीबी रोग के प्रति जानकारी देकर जागरूक किया गया।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. बीएल जायसवाल के नेतृत्व में शुक्रवार को जिला जेल में टीबी और एड्स के प्रति जागरूक करने के लिए कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस मौके पर जिला क्षय रोग अधिकारी ने कैदियों को क्षय रोग और एचआईवी के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इसके बाद 19 कैदियों में टीबी होने की आशंका पर उनका बलगम लेकर जांच के लिए भेजा गया। इस मौके पर जेल अस्पताल के चिकित्सक ने कैदियों को मौसमी बीमारी से बचने की जानकारी दी।
कार्यशाला में चिकित्सकों की टीम का जेल अधीक्षक और जेलर ने सहयोग किया। इस मौके पर सीनियर डाट्स प्लस सुपरवाइजर पंकज सिंह, जिला कार्यक्रम समन्वयक अभिषेक तिवारी, डिस्ट्रिक्ट पीपीएम कोआर्डिनेटर अजीत कुमार, एलटी अयोध्या प्रसाद सिंह, टीबी, एचवी अमित कुमार गुप्ता एवं सभी क्षय रोग स्टॉफ मौजूद रहा। कार्यक्रम के अंत में जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. बीएल जायसवाल ने सहयोग के लिए जेल प्रशासन की सराहना की।