Daughter and husband and wife were cremated
- फोटो : KAUSHAMBI
पति-पत्नी और बेटी का किया गया अंतिम संस्कार
मासूम के शव को मां की अर्थी पर ही लिटाया गया
दूसरे दिन भी गमगीन रहा टेनशाहआलमाबाद गांव का माहौल
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर। नगर कोतवाली क्षेत्र के टेनशाहआलमाबाद गांव शनिवार देर शाम एक बार फिर चीत्कारों से गूंज उठा। पीएम के बाद दंपती की एक साथ अर्थी उठी। मासूूम लक्ष्मी की लाश को मां की अर्थी पर ही रखकर श्मशान घाट ले जाया गया। रविवार को दूसरे दिन भी गांव का माहौल गमगीन रहा। पीड़ितों को ढांढस बंधाने के लिए उनके घर पर लोगों की भीड़ जमा रही।
टेनशाहआलमाबाद (गोपालपुर) निवासी बंशीलाल ने शुक्रवार रात नशे की हालत में मामूली विवाद के बाद पत्नी आशा की गला घोटकर हत्या कर दी थी। इसके बाद दुधमुंही बेटी लक्ष्मी को उसने फांसी के फंदे पर लटका दिया था। फिर खुद भी फांसी पर लटक गया था। शनिवार सुबह पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। देर शाम पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचा तो एक बार फिर कोहराम मच गया। पीड़ित परिजन और रिश्तेदार दहाड़े मारकर रो पड़े। ग्रामीणों की भी आंखें भर आईं। अंतिम संस्कार की तैयारी पहले से ही कर ली गई थी। कुछ ही देर बाद अंतिम संस्कार कर दिया गया। दंपती की अर्थी एक साथ उठी। आशा की अर्थी में उसकी मृत बेटी लक्ष्मी के शव को भी रखा गया था। मां के साथ ही लक्ष्मी का भी अंतिम संस्कार किया गया। यह दृश्य देख हर किसी का गला भर आया। परिवार वाले दहाड़ मारकर रोते रहे। इस दौरान एहतियातन गांव में सीओ सिटी एसएन पाठक खुद फोर्स के साथ मौजूद रहे।