आपराधिक घटनाओं के लिहाज से वर्ष 2016 पुलिस महकमे के लिए कड़वे अनुभवों वाला रहा। ताबड़तोड़ आपराधिक घटनाएं तो हुई हीं, लापरवाह पुलिस कर्मियों ने महकमे की किरकिरी भी खूब कराई। इसी वर्ष बालू खनन में सीबीआई ने भी कौशाम्बी मेें दस्तक दी। नए वर्ष के आगाज के साथ पुलिस महकमे में बड़ा सुधार होने जा रहा है। 100-डॉयल शुरू हो चुकी है। इसकी पहली बड़ी कामयाबी भी पुलिस को मिली है। वह भी लूट होने के बाद। नए वर्ष में समस्याओं से जूझने वाली खाकी अब आधुनिक सुविधाओं की मदद से अपराध पर काबू पाएगी और महिला उत्पीड़न की घटनाओं पर कमी लाएगी।
अब आप घर से फोन कीजिए आपके घर पुलिस पहुंच जाएगी। इसके अलावा आप अपने घर से कहीं दूर हैं तब भी पुलिस की मदद ले सकते हैं। महिलाओं को कोई दिक्कत है तो वह भी 1090 पर कॉल कर अपनी समस्या बता सकती हैं। जिले में अब तक 1090 पर दर्ज हुई काल में 70 काल का निपटारा हो चुका है। इसके अलावा अन्य जो शिकायतें आती हैं तो उनको भी विभाग गंभीरता से लेता है, लेकिन पक्ष व विपक्ष को सुनता है। कौन सही है और कौन गलत है। इसका बाकायदा सीडीआर रिपोर्ट में मूल्यांकन विभाग करता है। सर्विलांस टीम के सक्रिय होने के बाद से जिले में आपराधिक घटनाओं में कमी आई है।
100-डॉयल शुरू , चौकसी बढ़ी
20 दिसंबर से जिले में 100-डॉयल सेवा शुरू हो चुकी है। सात इनोवा व 14 बोलेरो गाड़ियां पुलिस को मिली हैं। यह 24 घंटे अपने-अपने प्वाइंट पर तैनात रहती हैं। करारी थाना क्षेत्र में रविवार की रात लूट हुई थी। सूचना मिलते ही 100-डॉयल ने बदमाशों का पीछा किया तो वह लूट की बाइक को गौहानी में छोड़कर भाग निकले। इसके अलावा कई अन्य घटनाओं में पुलिस तेजी से पहुंची। इसके अलावा पुलिस ने एक अन्य बाइक बरामद भी की है। जांच के दौरान पुलिस ने एक लावारिस गाड़ी भी बरामद की है। इस लावारिस गाड़ी की करारी थाने की पुलिस जांच कर रही है। इसके अलावा अन्य तमाम केस हैं, जिनकी पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। रविवार की रात घटमापुर पावर हाउस के समीप डेयरी गाड़ी व स्कूल बस में पथराव के साथ फायरिंग हुई। चालक की सूचना पर पुलिस पहुंची तो बदमाश गायब मिले। यह पुलिस के लिए बड़ी कामयाबी हो सकती है।
तीन थानों की मिल सकती है सौगात
नए साल में तीन थानों की सौगात मिल सकती है। इसकी रूपरेखा अफसरों ने तैयार कर ली है। शमसाबाद, भरवारी, सिराथू चौकी को थाना बनाने का प्रस्ताव भेजा गया है। अफसरों को उम्मीद है कि नए साल में इनको थाना बनाने की हरी झंडी मिल सकती है। इसके अलावा मूरतगंज चौकी व टेढ़ीमोड़ चौकी को नए भवन में शिफ्ट किया जा सकता है। इसका भी प्रस्ताव भेजा गया है। फिलहाल यह चौकियां जर्जर भवन में चल रही हैं। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि थाना बनने से जांच में पारदशिर्ता आएगी। इसके अलावा विवेचक पर दबाव भी रहेगा कि कब राजपत्रित अधिकारी का छापा पड़ जाए। ये वह चौकियां हैं, जिनको थाना का दर्जा मिलना जरूरी है।
सीसीटीवी कैमरे से होगी निगहबानी
आपराधिक गतिविधियों पर काबू पाने के लिए पुलिस विभाग ने सभी प्रतिष्ठानों में सीसीटीवी कैमरा लगवाने की पहल शुरू कर दी है। इसके अलावा जिन चौराहों पर लगे सीसीटीवी कैमरे बिगड़ गए हैं, उनको दोबारा दुरुस्त करवाया जा रहा है। इसके अलावा कई अन्य चौराहों पर भी सीसीटीवी कैमरा लगवाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। हाइवे के ढाबों में भी सीसीटीवी कैमरा लगवाया जा रहा है।
पुलिस ने सत्यापन का काम किया तेज
पुलिस विभाग ने सत्यापन का काम तेज कर दिया है। किराए के मकानों में रहने वालों का ब्योरा लगातार लिया जा रहा है। इसके लिए आधार कार्ड व बैंक पासबुक वरीयता पर मांगी जा रही है। इसके अलावा दफ्तर से बनने वाले प्रमाण पत्रों को भी ऑनलाइन करने की कवायद हो रही है। हाल ही में एसपी ने किराए पर मकान देने वालों की भी सूचना पुलिस ने मांगनी शुरू कर दी है। सिपाही किराएदारी का एग्रीमेंट मांग रहे हैं। यहीं किराएदार व मकान मालिक के बीच पेंच फंस गया है।