मंझनपुर। बरियावां पुलिस चौकी में असलहे के साथ पहुंचकर उत्पात मचाना और दरोगा को धमकाना प्रधानपति और उनके समर्थकों को महंगा पड़ा। चौकी प्रभारी की तहरीर पर चरवा कोतवाली में प्रधानपति समेत 50 अज्ञात उपद्रवियों के खिलाफ बलवा, सरकारी कार्य में बाधा डालना, जानलेवा धमकी दिए जाने का मामला दर्ज कर लिया गया है। रिपोर्ट दर्ज करके पुलिस घटना की तफ्तीश में जुटी है। उधर, एफआईआर से गांववालों में हड़कंप मचा हुआ है।
बता दें कि चायल तहसील के बरियावां गांव में लोहिया आवास आवंटन में गड़बड़ी की शिकायत पर 15 मार्च को एडीएम और एसडीएम गए गए थे। बताया जाता है कि जांच के दौरान ही प्रधानपति के पक्ष के कई लोग धारा 144 का उल्लंघन करते हुए असलहे लेकर पहुंच गए थे। मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने विरोध करते हुए उन्हें असलहे घर में रखकर आने की हिदायत दी। आरोप है कि असलहे घर में रखवाने से भन्नाए प्रधानपति अपने समर्थकों के साथ 16 मार्च को बरियावां पुलिस चौकी असलहे समेत पहुंच गए।
आरोप है कि असलहे लेकर प्रधानपति और उनके साथ रहे लोगों ने पुलिस चौकी में जमकर उत्पात मचाया। चौकी इंचार्ज और अन्य पुलिसकर्मियों से दुर्व्यवहार करते हुए उन्हें असलहे दिखाकर जान से मारने की धमकी भी दी। चौकी में उत्पात काटने के बाद प्रधानपति और ग्रामीण चौकी प्रभारी के खिलाफ हुंकार भरते हुए मंझनपुर पहुंचकर पुलिस अधीक्षक का घेराव भी किया था। उधर, 16 मार्च की ही देर रात चौकी प्रभारी ताराचंद्र ने चरवा चौकी जाकर प्रधानपति नरेन्द्र मौर्या, गया प्रसाद, नींबू लाल, गंगा प्रसाद, गुलशन, खडग सिंह, लवकुश, मतई और 30-35 अज्ञात लोगों के खिलाफ तहरीर दी।
चौकी इंचार्ज की तहरीर पर चरवा पुलिस ने प्रधानपति समेत सभी लोगों के खिलाफ बलवा करने, दरोगा, पुलिस कर्मियों को धमकाने, सरकारी कार्य में बाधा डालने की रिपोर्ट दर्ज कर ली है। इतना ही नहीं पुलिस दफ्तर में हंगामा करने के आरोप में भी प्रधानपति नरेन्द्र मौर्या और देवराज के खिलाफ मंझनपुर कोतवाली में भी रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। सीओ चायल आलोक कुमार मिश्र ने बताया कि प्रधानपति और उनके समर्थकों ने निषेधाज्ञा का उल्लंघन किया है। रिपोर्ट दर्ज करके पुलिस घटना की तफ्तीश में कर रही है।