दहेज की खातिर हैवान बने थुलगुला गांव के एक परिवार ने गर्भवती बहू को पीटकर घर से निकाल दिया है। ससुरालवालों का यह कहर बाइक और 50 हजार रुपये की मांग पूरी नहीं होने पर टूटा है। बिरादरी की पंचायत के बाद भी ससुरालवाले विवाहिता को विदा कराकर घर ले जाने को राजी नहीं हुए। थाने में सुनवाई नहीं होने पर शनिवार को पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक से शिकायत की।
मोहब्बतपुर पइंसा थाना क्षेत्र के कुंड्रावी गांव की रहने वाली पूनम देवी की शादी दो साल पहले सैनी के थुलगुला गांव निवासी मानसिंह से हुई थी। आरोप है कि शादी के छह महीने बाद से ही ससुराल के लोग उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे। मायके से बाइक और 50 हजार रुपये मांगकर ले आने का दबाव बनाने लगे। इसके लिए उसे यातनाएं दी जाती। मांग पूरी नहीं होने पर 15 दिन पहले गर्भवती होने के बाद भी ससुराल के लोगों ने उसकी बेरहमी से पिटाई की। गहने-कपड़े आदि छीनने के बाद घर से निकाल दिया।
पिटाई से घायल विवाहिता किसी तरह मायके पहुंची। उसकी हालत देख घरवाले सन्न रह गए। दूसरे दिन ही मायकेवाले बेटी की ससुराल गए। मान-मनौव्वल का प्रयास किया। बिरादरी की पंचायत भी हुई। पंचायत में मौजूद नाते-रिश्तेदारों के कहने के बाद भी दहेजलोभी ससुराल के लोग बगैर मांग पूरी हुए बहू को विदा कराकर घर ले आने को राजी नहीं हुए। मामले की शिकायत करने पर पुलिस ने भी कोई कार्रवाई नहीं की। शनिवार को पिता के साथ मंझनपुर आई पीड़िता ने मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक से की। एसपी वीके मिश्रा ने सैनी कोतवाल को जांच करके कार्रवाई का निर्देश दिया है।