रेलचरवा कोतवाली के अमनी लोकीपुर गांव स्थित रेलवे लाइन पर मंगलवार की सुबह प्रतियोगी छात्र का शव मिला। वह मां-बाप का इकलौता बेटा था। घटना की जानकारी से परिजनों में कोहराम है। परिवार वालों ने हत्या कर शव रेलवे लाइन में फेंके जाने की आशंका जाहिर की है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस फिलहाल खुदकुशी का मामला मानकर जांच कर रही है।
चरवा कोतवाली के अमनी लोकीपुर निवासी चरनजीत तिवारी खेती किसानी करके परिवार का भरण पोषण करते हैं। चरनजीत का इकलौता बेटा दुर्गेश तिवारी (25) प्रयागराज में रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करता था। परिवार के लोगों के अनुसार पिछले कई दिनों से दुर्गेश गांव में ही रह रहा था।
इन दिनों वह किसी बात को लेकर उदास रहता था। मंगलवार की सुबह गांव के लोग रेलवे लाइन की तरफ गए तो शव देख दंग रह गए। घटना की जानकारी दुर्गेश के परिवार वालों को दी गई। परिवार के लोग रोते-बिलखते घटनास्थल पर पहुंचे। परिवार वालों की सूचना पर पुलिस भी आ गई। परिजनों ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि दुर्गेश की हत्या कर लाश रेलवे लाइन पर फेंकी गई है। चरवा इंस्पेक्टर अरविंद त्रिवेदी का कहना है कि घटना की जांच की जा रही है। प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है।