मंझनपुर। भूमिधरी जमीन पर कब्जे की मांग को लेकर एक महिला शुक्रवार से घर में ही अन्न-जल त्याग कर अनशन शुरू कर दिया है। साथ ही न्याय दिलाने के लिए जिला प्रशासन को तीन दिन समय दिया है। कार्रवाई नहीं होने पर सोमवार को घर में आत्मदाह की चेतावनी दी है।
करनपुर सौरई गांव के रहने वाले अमृतलाल और दशरथ लाल के मुताबिक गांव में उनकी भूमिधरी जमीन है। इस जमीन पर कब्जे को लेकर उनका परिवार के कुछ लोगों से करीब 18 वर्षों से विवाद चल रहा है। बताया जा रहा है कि सिराथू एसडीएम की कोर्ट में मुकदमा चल रहा था। आरोप है कि तहसील प्रशासन द्वारा सुविधा शुल्क लेकर विपक्षियों के पक्ष में आदेश कर दिया गया है। भुक्तभोगियों ने मामले की शिकायत जिलाधिकारी, मंडलायुक्त, पुलिस महानिदेशक और मुख्यमंत्री से की है। आरोप है कि तमाम शिकायतों के बाद भी मामले में जिला प्रशासन द्वारा कार्रवाई नहीं की जा रही है। शासन और प्रशासन से न्याय नहीं मिलने से पीड़ितों की मां क्षुब्ध होकर शुक्रवार अन्न-जल का त्याग कर अनशन शुरू कर दिया है। बताया जाता है कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को फैक्स के जरिए मामले से अवगत करा दिया है।