चुनावी मुद्दा बना अहमदीपुर का सरकारी नलकूप
पिछले लोस और विस चुनावों में उम्मीदवारों ने दुरुस्त कराने का किया था वादा
पांच साल पहले बोर खराब होने से सिंचाई का संकट
फोटो नं-06
अमर उजाला ब्यूरो
म्योहर। कौशाम्बी विकास खंड के चक अहमदीपुर गांव में लगा सरकारी नलकूप पांच साल बाद भी चालू नहीं हो सका। पिछले लोक सभा चुनाव के दौरान खराब हुए बोर को चुनाव मैदान में उतरे प्रत्याशियों ने बनवाने का वादा किया। चुनाव फिर आ गया लेकिन नलकूप का हाल जस का तस है।
चक अहमदीपुर गांव में सरकारी नलकूप में ऑपरेटर की तैनाती भी थी। पांच साल पहले नलकूप का बोर खराब हो गया था। इसे लेकर विभाग की तरफ से न कोई कवायद हुई और न ही जन प्रतिनिधियों की ओर से। पिछले लोक सभा के चुनाव में उतरे प्रत्याशियों ने किसानों की समस्या को देखते हुए नलकूप सही कराने का दंभ भरा लेकिन चुनाव के बाद किसी ने उसकी तरफ देखना तक मुनासिब नहीं समझा। विधान सभा चुनाव के दौरान भी यही नलकूप गांव के लोगों के लिए चुनावी मुद्दा रहा। अब एक बार फिर से लोक सभा का चुनाव आ गया है। गांव के लोग नलकूप दुरुस्त होने की आस लगाए बैठे हैं। पर, अब जन प्रतिनिधि उन्हें आश्वासन देने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। गांव के हरिश्चंद्र, अरुण कुमार, रवि प्रकाश, हरिप्रकाश, रामजी सरोज आदि का कहना है कि वह लोग कई बार सिंचाई विभाग व जिला प्रशासन से खराब नलकूप को सहीं कराने की मांग कर चुके हैं। लेकिन अफसर आश्वासन देकर उन्हें वापस कर देते हैं। अब हाल ये है कि नलकूप भवन की ईंट भी गांव के लोग चोरी कर रहे हैं।