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प्रसूता से रिश्वत लेते स्टाप नर्स का वीडियो वायरल, सस्पेंड

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प्रसूता से रिश्वत लेते स्टाफ नर्स का वीडियो वायरल, सस्पेंड
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डीएम के निर्देश पर सीएमओ ने की कार्रवाई, हड़कंप
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर।
जिला अस्पताल में तैनात संविदा स्टाफ नर्स को प्रसूता से रिश्वत लेना महंगा पड़ा। वीडियो वायरल होते ही हरकत में आए प्रशासन ने मामले की जांच कराई तो आरोप सत्य पाया गया। जिलाधिकारी के निर्देश पर मुख्य चिकित्साधिकारी ने आरोपी नर्स की सेवा समाप्त कर दी है। अफसरों की इस कार्रवाई से स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा हुआ है।
जिला अस्पताल हो या फिर सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र प्रसूता हर जगह बिचौलियों का शिकार हो रही हैं। चाहे स्टाफ नर्स हो या फिर कोई और। ऐसा ही कुछ बुधवार को देखा गया। जिला अस्पताल में संविदा पर तैनात स्टाफ नर्स नीलम का प्रसूता से घूस लेते वीडियो वायरल हुआ तो जिला प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य महकमे तक हड़कंप मच गया। अफसरों को जानकारी हुई तो वह भी कुछ देर के लिए महकमे में सन्नाटा छा गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा के निर्देश पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. दीपेन्द्र मालवीय ने स्टाफ नर्स को सस्पेंड कर दिया। अफसरों की इस कार्रवाई से स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा हुआ है। सीएमओ डॉ. दीपेन्द्र मालवीय ने बताया कि मामले की गहना से जांच पड़ताल की जा रही है। जांच के बाद जो तथ्य सामने आएंगे वैसी कार्रवाई की जाएगी।
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एडीएम करेंगें आरोपों की जांच
मंझनपुर(ब्यूरो)। जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने मामले की जांच एडीएम को सौंपी है। स्टाफ नर्स ने किस प्रसूता से सुविधा शुल्क लिया। इसमें किन-किन लोगों की भूमिका संदिग्ध थी। तमाम ऐसे तथ्यों पर अफसर जांच करेंगे। बताया कि जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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12 बजे बंद होता है अल्ट्रासाउंड कक्ष
मंझनपुर(ब्यूरो)। जिला अस्पताल की व्यवस्थाएं इन दिनों राम भरोसे चल रही हैं। कब कौन डॉक्टर कहां चला जाए इस बाबत जिम्मेदारों को कानोकान भनक नहीं चलती है। बुधवार को जिला अस्पताल की अल्ट्रासाउंड मशीन दोपहर 12 बजे बंद हो गई। ऐसे में तमाम महिलाएं अल्ट्रासाउंड के लिए अस्पताल परिसर में बैठी रहीं। दोपहर बाद उन्हें बैंरग लौटना पड़ा। मामले में सीएमएम डॉ. दीपक सेठ का कहना है कि ऐसा कोई शासनादेश नहीं है। यदि ऐसा होता है तो मामले की जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
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