जिले में इस वर्ष बोर्ड परीक्षा को लेकर प्रशासन ने सख्ती और सहूलियत दोनों का संतुलित फार्मूला अपनाया है। परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए केंद्रों पर तैनात किए जाने वाले शिक्षकों में 50 फीसदी अन्य विद्यालयों से होंगे। साथ ही यदि कोई आधे घंटे की देरी से भी केंद्र आता है तो उसे प्रवेश दिया जाएगा।
जिला विद्यालय निरीक्षक राजेश कुमार सिंह ने बताया कि परीक्षा में निगरानी के लिए जोनल और सेक्टर मजिस्ट्रेट तैनात रहेंगे। केंद्रों पर सीसीटीवी, प्रश्नपत्र सुरक्षा और स्टैटिक मजिस्ट्रेट की व्यवस्था भी कर दी गई है।
उन्होंने कहा कि इस बार बोर्ड ने थोड़ी राहत दी है। परीक्षा शुरू होने के बाद आधे घंटे तक विलंब से पहुंचने वाले छात्र-छात्राओं को प्रवेश दिया जाएगा। लेकिन, इसके लिए केंद्र व्यवस्थापक की अनुमति अनिवार्य होगी। साथ ही विद्यार्थी को विलंब से आने का स्पष्ट कारण बताना होगा।