फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जिपं अध्यक्ष उपचुनाव का ऐलान, सियासत गरम

विज्ञापन
विज्ञापन
जिपं अध्यक्ष उपचुनाव की घोषणा से गरर्माई सियासत
विज्ञापन

-17 को होगा नामांकन, 23 को होगा मतदान और मतगणना
-मधुपति और अनामिका सिंह में हो सकती है सीधी टक्कर
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर।
जिला पंचायत अध्यक्ष उपचुनाव की घोषणा से जिले में सियासत एक बार फिर उफान पर आ गई है। जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी के लिए मधुपति और अनामिका सिंह के बीच सीधी टक्कर होने के कयास लगाए जा रहे हैं। अनामिका सिंह के ही अविश्वास प्रस्ताव लाने पर मधुपति ने इस्तीफा देकर चुनाव कराने का यह पैंतरा खेला था।
जिला पंचायत अध्यक्ष मधुपति के खिलाफ वार्ड नंबर 20 की सदस्य अनामिका सिंह ने अविश्वास प्रस्ताव दाखिल किया था। अनामिका सिंह ने मधुपति को कुर्सी से हटाने के लिए तगड़ी लामबंदी कर रखी थी। मामला फंसते देख पहले मधुपति ने भाजपा का दामन थामा। इसके बाद उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। इससे अविश्वास प्रस्ताव की कार्रवाई निरस्त हो गई। इस्तीफा देने से शासन ने उपचुनाव कराने का निर्णय लिया था। बुधवार को उपचुनाव का ऐलान भी कर हो गया। डीएम मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि 17 जुलाई को नामांकन जबकि 20 जुलाई को नाम वापसी होगी। 23 को मतदान के साथ ही मतगणना होगी। तारीख घोषित होते ही जिले के सियासतबाजों की चहलकदमी बढ़ गई है। उपचुनाव में कौन बाजी मारेगा, इसको लेकर तमाम तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। अनामिका सिंह उपचुनाव लड़ने की तैयारी में हैं। भीतरखाने चर्चा है कि मधुपति भी उपचुनाव में अध्यक्ष पद की भाजपा से दावेदारी कर मैदान में उतरेंगी। यदि ऐसा होता है तो यह मुकाबला सीधे मधुपति व अनामिका सिंह के बीच होगा। यदि किसी तीसरे ने दखल दी तो मामला रोचक भी हो सकता है।
विज्ञापन

---------------------
भाजपा से मधुपति को मिलेगी हरी झंडी
भाजपा की ओर से जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए मधुपति की दावेदारी मजबूत मानी जा रही है। इसके बावजूद संशय बरकरार है। पार्टी में ही मधुपति को लेकर तगड़ा विरोध हो रहा है। वहीं पार्टी पदाधिकारी मधुपति को लेकर लगभग एक राय बना चुके हैं। इसको लेकर भाजपा में तमाम तरह की चर्चाएं हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह मधुपति के पति वाचस्पति बताए जा रहे हैं। वाचस्पति बसपा व सपा से सिराथू के विधायक रह चुके हैं। पत्नी की कुर्सी बचाने के लिए उन्होंने भाजपा का दामन थामा था। इसी मुद्दे को लेकर भाजपाई पार्टी के भीतर गहमागहमी मचाए हुए हैं।
-----------------------
29 सदस्यों का कौन जीतेगा विश्वास
जिला पंचायत के 29 सदस्य हैं। सपा सरकार में पूर्व विधायक रहे वाचस्पति अपनी पत्नी मधुपति को निर्विरोध अध्यक्ष बनवाने में कामयाब हो गए थे। भाजपा सरकार बनते ही उनके लिए तमाम मुश्किलें खड़ी कर दी गई थीं। चायल के पूर्व ब्लाक प्रमुख सोनू सिंह ने अपनी पत्नी अनामिका सिंह के नेतृत्व में सदस्यों की तगड़ी लामबंदी की थी। इसको लेकर सभी राजनीतिक दल परेशान हो गए थे। यही कारण था कि जिला पंचायत अध्यक्ष मधुपति को इस्तीफा भी देना पड़ा था। अब उप चुनाव में कौन भारी पड़ेगा? इसको लेकर तमाम तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। 29 सदस्यों का कौन विश्वास जीतेगा? इसको लेकर उपचुनाव का ऐलान होते ही अनामिका सिंह व मधुपति के समर्थकों में तमाम तरह की चर्चाएं होने लगी हैं।
----------------

उपचुनाव की घोषणा हो चुकी है। भाजपा से जिला पंचायत अध्यक्ष पद के प्रत्याशी की घोषणा अभी नहीं हुई है। मधुपति पार्टी में हैं लेकिन चुनाव कौन लड़ेगा, इसका फैसला प्रदेश स्तर के पदाधिकारी ही लेंगे। जल्द ही इसका निर्णय हो जाएगा।
विज्ञापन

रमेश पासी
भाजपा जिलाध्यक्ष


अध्यक्ष मधुपति को कुर्सी से हटाने के लिए अविश्वास प्रस्ताव लाया था। सभी सदस्यों का समर्थन प्राप्त था। उपचुनाव में भी सदस्यों के ही समर्थन से मैदान में उतरूंगी।
अनामिका सिंह
जिला पंचायत सदस्य
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें