कड़ा। अफजलपुर सातों गांव में मौसमी बीमारी से मासूम की मौत के बाद रविवार को स्वास्थ्य महकमा जाग उठा। सुबह गांव पहुंची डॉक्टरों की टीम ने छह माह से लेकर आठ साल तक के पीड़ित बच्चों का परीक्षण किया और जरूरी दवाओं का वितरण किया। इस मौके पर बदलते मौसम से बचने की सलाह भी दी गई।
कड़ा ब्लॉक के अफजलपुर सातों गांव में हफ्ते भर से मौसमी बीमारी से लोग पीड़ित हैं। सर्दी-खासी, बुखार से आठ जनवरी को मासूम अबुजन पुत्र उमरबाबू की मौत हो चुकी है। तमाम लोग अब भी बीमार हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के करीब स्थित गांव में मौसमी बीमारी से महकमा बेखबर था। रविवार को खबर प्रकाशित होने पर महकमा जाग उठा। चिकित्सकों की टीम सुबह करीब नौ बजे गांव पहुंची गई। सीएचसी इस्माइलपुर के अधीक्षक डॉ. नीरज सिंह की अगुवाई में टीम ने छह माह से आठ साल तक के करीब 85 बच्चों के स्वास्थ्य परीक्षण किया। सीएचसी अधीक्षक ने बीमार बच्चों के परिजनों को सलाह दी कि बदलते मौसम में एकाएक बच्चों के बदन से गर्म कपड़े न हटाएं। दिन में धूप और रात में ठंड पड़ रही है। टीम में डॉ. असलम, फार्मासिस्ट रमेश चंद्र, एएनएम सपना मौजूद रहीं। वहीं सीएमओ डॉ. दीपेंद्र मालवीय का कहना है कि रविवार सुबह चिकित्सकों की टीम भेजी गई है। जांच के दौरान गंभीर बीमारी प्रकाश में नहीं आई। मौसमी बीमारी से बचाव के लिए दवाओं का वितरण करा दिया गया है।