मंझनपुर। जिले के करीब छह बालू घाटों पर अवैध खनन जोरों पर है। खंड में अच्छी बालू नहीं होने पर कारोबारी नाविकों के सहारे अवैध खनन कर रहे हैं। बालू को कारोबारी अधिक दाम में बेच रहे हैं।
जिले भर में यमुना के कई खंडों पर खनन चालू है। इनमें पभोषा, डेढ़ावल, भकंदा, दिया समेत करीब छह खंडों में अच्छी बालू नहीं है। यमुना की बाढ़ खत्म होने के बाद कारोबारियों ने अपने खंड पर नजर डाली तो उनके होश उड़ गए। खंड में बालू नहीं होने पर उन्होंने खनिज अधिकारी के यहां घाट सरेंडर करने का रोना रोया। घाट सरेंडर करा पाने में खान निरीक्षक ने हाथ खड़े कर लिए तो कारोबारियों ने अवैध खनन शुरू कर दिया। मौजूदा समय में जिले के पभोषा, डेढ़ावल, भकंदा, दिया, छेकवा समेत छह बालू घाटों पर कारोबारी नाव से अवैध खनन कराने में जुट गए हैं। इन घाटों पर सुबह-सुबह सैकड़ों की संख्या में नाविक अपनी नाव में बालू लादकर पहुंचते हैं। नाविकों द्वारा लाई गई बालू को पट्टेधारक महंगे दाम में वाहनों में लोड कराते हैं। अनदेखी के चलते अवैध खनन का कारोबार यमुना की तराई में धड़ल्ले से चल रहा है।
करारी से भरवारी रोही बाइपास जाने वाली नवनिर्मित सड़क ओवरलोड की भेंट चढ़ गई है। जगह-जगह सड़क के धंसने और उखड़ती देख थानाध्यक्ष करारी ओवर लोड वाहनों को रोकने के लिए करारी में डायवर्जन लगाकर बेरीकेडिंग शुरू करा दिया। बावजूद इसके ओवरलोड वाहनों के चालक ड्यूटी पर तैनात सिपाहियों को सुविधा शुल्क लेकर सड़क की सेहत बिगाड़ रहे हैं। उधर रोही बाइपास पुल से पहले नवनिर्मित सड़क जगह-जगह धंस गई है। यही हाल रहा तो आने वाले दिनों में इस सड़क पर लोगों का चलना दूभर हो जाएगा।वहीं खनन निरीक्षक राज रंजन कुमार का कहना है कि यमुना बालू घाटों पर नाव से अवैध खनन की जानकारी नहीं है। ऐसा है तो छापेमारी की जाएगी। पकड़े जाने पर पट्टेधारक का रवन्ना वेबसाइट पर रोक दिया जाएगा। ओवरलोड वाहनों के खिलाफ समय-समय पर अभियान चलाकर कार्रवाई की जा रही है।