कासगंज। क्षेत्र में हुई बारिश और ओलावृष्टि ने जहां एक ओर किसानों की कमर तोड़ दी है। वहीं दूसरी ओर आम उपभोक्ताओं की रसोई का बजट भी बिगाड़ दिया है। महज पखवाड़े भर में ही कई सब्जियों के दामों में दोगुना से अधिक की वृद्धि देखी गई है।
बारिश और ओलावृष्टि के कारण गेहूं आदि की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा है। स्थानीय स्तर पर उगाई जाने वाली सब्जियों की पैदावार पर भी इसका सीधा असर पड़ा है। बाजार में सब्जियों की आवक कम होने के कारण कीमतों में लगातार इजाफा हो रहा है। विशेष रूप से, स्थानीय स्तर पर मटर की आवक लगभग बंद हो गई है।
बाजार में अब बाहर से मटर मंगाई जा रही है, जिसका सीधा असर उसकी कीमत पर दिख रहा है। गाजर, मेथी, गोभी, शिमला मिर्च, टमाटर और करेला जैसी सब्जियों के दाम भी आसमान छू रहे हैं।
व्यापारियों की चिंता बढ़ी, भविष्य के लिए चेतावनी
व्यापारियों का कहना है कि मौसम की मार के कारण फसलों को काफी नुकसान हुआ है। इससे आपूर्ति बाधित हुई है और कीमतों में अप्रत्याशित उछाल आया है। विक्रेता कुमरेश ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से मौसम अस्थिर बना हुआ है, जिसमें आंधी, बारिश और ओलावृष्टि ने सब्जियों को बुरी तरह प्रभावित किया है। आवक में कमी के कारण सब्जियों के दाम बढ़ गए हैं। विक्रेता सतेंद्र ने चेतावनी दी है कि यदि मौसम में जल्द सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में सब्जियों की कीमतें और भी बढ़ सकती हैं।
सब्जियों के दामों में आए बदलाव (रुपये प्रति किलो):
सब्जी- पहले का दाम - वर्तमान दाम
मटर
- 40
-100
गाजर- 20
50
मैथी -40-
80
करेला-50
100
शिमला मिर्च-60 100
भिंडी
-80-100
टमाटर-10- 20