फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kasganj News: प्रधानाचार्य के निलंबन से भड़के अभिभावक, नहीं खुलने दिया स्कूल

विज्ञापन
फोटो 31 कासगंज ​भिटौना में  विद्यालय तालाबंदी प्रकेरण के बाद खंड ​शिक्षा अ​धिकारी ​शिक्षकों से 
विज्ञापन
कासगंज। पूर्व माध्यमिक विद्यालय भिटौना में प्रधानाचार्य के निलंबन के बाद दूसरे विद्यालय में तैनाती देने से बच्चों और अभिभावकों का आक्रोश फूट पड़ा। विरोध में उन्होंने स्कूल का ताला नहीं खुलने दिया और प्रधानाचार्य की वापसी की मांग पर डटे रहे।
विज्ञापन

पूर्व माध्यमिक विद्यालय भिटौना में प्रधानाचार्य शालिनी मिश्रा के निलंबन के बाद शनिवार को बच्चों और अभिभावकों का गुस्सा खुलकर सामने आ गया। उन्होंने विद्यालय का ताला नहीं खुलने दिया और जमकर प्रदर्शन करते हुए प्रधानाचार्य को वापस तैनात करने की मांग की।
बेसिक शिक्षा अधिकारी सूर्य प्रताप सिंह ने 29 अप्रैल को प्रधानाचार्य शालिनी मिश्रा को निलंबित कर अमांपुर क्षेत्र के सैलई विद्यालय से संबद्ध कर दिया गया था। इस निर्णय की सूचना मिलते ही ग्रामीणों और अभिभावकों में नाराजगी फैल गई। शनिवार को स्कूल खुलने से पहले ही बड़ी संख्या में बच्चे और अभिभावक विद्यालय पहुंच गए।
विज्ञापन

जब अन्य शिक्षक विद्यालय पहुंचे तो उन्हें भी अंदर प्रवेश नहीं करने दिया गया। प्रदर्शनकारियों ने एकजुट होकर प्रधानाचार्य की वापसी की मांग उठाई। घटना की सूचना मिलने पर बीईओ कासगंज राजेश कुमार और बीईओ अमांपुर शशिकांत मौके पर पहुंचे। उन्होंने बच्चों और अभिभावकों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन प्रदर्शनकारी अपनी मांगों पर अड़े रहे। विद्यालय का ताला नहीं खुल सका और शिक्षण कार्य बाधित रहा। बच्चों व अभिभावकों के प्रदर्शन की सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
-

तैनाती स्थल पर चार्ज संभाला, विभाग को दी सूचना
प्रधानाचार्य शालिनी मिश्रा ने बताया कि उनका 29 अप्रैल को निलंबन किया गया था। इसके बाद 30 अप्रैल को उन्होंने विद्यालय के वरिष्ठ शिक्षक को कार्यभार सौंप दिया था। 1 मई को बुद्ध पूर्णिमा का अवकाश होने के कारण कोई शैक्षणिक कार्य नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि शनिवार को उन्होंने अपने नए तैनाती स्थल पर कार्यभार ग्रहण कर लिया है और इसकी सूचना विभागीय अधिकारियों को भी दे दी गई है।



स्कूल न खुलने पर स्टाफ से मांगा स्पष्टीकरण
बेसिक शिक्षा अधिकारी सूर्य प्रताप सिंह ने बताया कि विद्यालय न खुलने की घटना को गंभीरता से लेते हुए वहां तैनात अन्य स्टाफ से स्पष्टीकरण मांगा गया है। उन्होंने कहा कि प्रधानाचार्य द्वारा पदीय दायित्वों का निर्वहन न करने पर उन्हें निलंबित कर दूसरे विद्यालय से संबद्ध किया गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कुछ लोगों द्वारा योजनाबद्ध तरीके से विद्यालय नहीं खुलने दिया गया। विभाग स्थिति पर नजर बनाए हुए है और सोमवार से विद्यालय का संचालन सुचारु रूप से शुरू कराया जाएगा।
-


सोमवार को विद्यालय जाकर ली जाएगी जानकारी
राज्य महिला आयोग सदस्य रेनू गौड़ ने बताया कि भिटौना विद्यालय की प्रधानाचार्य द्वारा किए गए कार्य सराहनीय रहे हैं। उन्होंने कहा कि मामले को गंभीरता से लेते हुए वह सोमवार को स्वयं विद्यालय पहुंचेंगी और बच्चों व अभिभावकों से बातचीत कर पूरी स्थिति की जानकारी लेंगी। इसके बाद तथ्यों के आधार पर उचित कार्रवाई के लिए संबंधित अधिकारियों से चर्चा की जाएगी।


ग्रामीणों की बात
धानाचार्य ने विद्यालय में काफी बेहतर कार्य कराए हैं। उनके अनुसार, उनके विरुद्ध षड्यंत्र के तहत झूठी शिकायतें की गईं, जिसके आधार पर निलंबन की कार्रवाई कराई गई है। प्रधानाचार्य के कार्यकाल में विद्यालय की व्यवस्था में सुधार हुआ था और इसी कारण से वे उनके समर्थन में खड़े हैं।- राहत खान, ग्रामीण

प्रधानाचार्य लंबे समय से इस विद्यालय में तैनात रहीं हैं और उनके कार्यकाल में शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला है। विद्यालय में शैक्षणिक माहौल बेहतर हुआ और बच्चों की पढ़ाई पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा। प्रधानाचार्य के विरुद्ध की गई निलंबन की कार्रवाई गलत है और इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
-अकरार अहमद, ग्रामीण

फोटो 31 कासगंज भिटौना में  विद्यालय तालाबंदी प्रकेरण के बाद खंड शिक्षा अधिकारी शिक्षकों से 

फोटो 31 कासगंज भिटौना में  विद्यालय तालाबंदी प्रकेरण के बाद खंड शिक्षा अधिकारी शिक्षकों से 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें