कासगंज। अब रोडवेज की बसों में दिव्यांग यात्रियों को निशुल्क यात्रा के लिए स्मार्ट कार्ड दिखाना होगा। यह व्यवस्था लागू हो गई है। परिवहन निगम की तरफ से नए नियम लागू किए गए हैं। अब 40 फीसदी से नीचे दिव्यांगता प्रमाणपत्र पर निशुल्क यात्रा का लाभ नहीं मिलेगा।
परिवहन निगम के अनुसार, अब 40 फीसदी से अधिक दिव्यांग को ही मुफ्त यात्रा की सुविधा मिलेगी। जबकि 80 फीसदी से अधिक दिव्यांगता वाले के साथ एक व्यक्ति को सहायक के रूप में मुफ्त सफर का लाभ दिया जाता है।
अब दिव्यांगता प्रमाणपत्र की फोटो कॉपी दिखाकर फ्री यात्रा का लाभ नहीं ले सकेंगे। रोडवेज बसों में यात्रा के लिए अब स्मार्ट कार्ड दिखाना होगा। दिव्यांग स्मार्ट कार्ड में यूडीआईडी नंबर के साथ आधार व पंजीकृत मोबाइल नंबर भी दर्ज होगा। इलेक्ट्रॉनिक टिकट मशीन में इसे स्वैप करने पर कार्ड की यूडीआईडी ईटीएम पर प्रदर्शित होगी और पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ओटीपी जाएगा। इसे दर्ज कर परिचालक गंतव्य तक यात्रा का टिकट उपलब्ध करा देंगे। इस पर किराया शून्य दर्ज रहेगा।
यात्रियों के लिए सुविधाजनक और सुरक्षित पहल
कुल मिलाकर यह पहल जिले के हजारों दिव्यांग यात्रियों के लिए राहत भरी साबित होगी। स्मार्ट कार्ड प्रणाली से सफर आसान तेज और सुरक्षित होगा। परिवहन निगम की यह पहल आधुनिक तकनीक की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
रोडवेज की बसों में दिव्यांगजन को पहले भी उनकी दिव्यांगता के आधार पर यात्रा कराई जा रही थी, लेकिन अब शासन के निर्देश पर यूडीआईडी स्मार्ट कार्ड व्यवस्था को पूरी तरह लागू कर दिया गया है। इस कार्ड को ईटीएम मशीन में स्वैप करते ही दिव्यांग यात्री की शून्य दर टिकट जारी हो जाएगी। पहले की व्यवस्था में दिव्यांगजन अपने प्रमाणपत्र को परिचालक के पास ही भूल जाते थे, लेकिन अब उन्हें सहूलियत मिलेगी। प्रमाण देने की कोई आवश्यकता नहीं होगी। - नीरज कुमार, प्रभारी एआरएम