फोटो 19 कासगंज में एक दुकान से मेवा खरीदती युवती। स्रोत:संवाद
कासगंज। खाड़ी युद्ध का असर अब स्थानीय बाजार में मेवा की कीमतों पर दिखाई देने लगा है। पिस्ता, छुआरा, मुनक्का और अंजीर की कीमतों में 15 से 20 प्रतिशत तक उछाल आया है। व्यापारी और ग्राहक दोनों इस बढ़ोतरी से चिंतित हैं, जबकि बाजार में बिक्री पर भी इसका असर देखा जा रहा है।
ईद का त्योहार आने वाला है। नवरात्र पर्व भी शुरू होने वाले है। इन त्योहारों में लोग पकवान बनाने में मेवा का प्रयोग करते हैं। काजू, बादाम, मखाने, किशमिश आदि मेवा पहले से ही काफी महंगे हैँ। अब पिस्ता, छुआरा, मुनक्का और अंजीर की कीमतों में भी तेजी का रुख है। गोला की कीमतों में भी उछाल आया है। कीमतों के ग्राहक अब सतर्क होकर खरीदारी कर रहे हैं और सामान्य बिक्री में धीरे-धीरे कमी देखी जा रही है।विक्रेता सचिन ने बताया कि कई मेवा खाड़ी देशों से आती हैं। युद्ध की वजह से सप्लाई प्रभावित होने से कीमतों में उछाल है। अनिल माहेश्वरी ने बताया कि यदि युद्ध का असर जारी रहा तो त्योहारों और शादी-ब्याह के मौसम में मेवा की कीमतें और बढ़ सकती हैं, जिससे उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक दबाव पड़ेगा।
मेवा की वर्तमान व पूर्व कीमतें प्रतिकिलो
छुआरे- 250 से 400 रुपये पहले 150 से 300 रुपये
अंजीर 1200 रुपये पहले 1000 रुपये
पिस्ता 3500 रुपये पहले 3000 रुपये
मुनक्का 800 रुपये पहले 700 रुपये