कासगंज। लखनऊ की एक कोचिंग में हुए भीषण अग्निकांड में 15 छात्र-छात्राओं की मौत ने पूरे प्रदेश को रुला दिया है। इस रोंगटे खड़े कर देने वाले हादसे के बाद कासगंज का अग्निशमन विभाग भी अलर्ट मोड पर आ गया है। मंगलवार को मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) आरके तिवारी के नेतृत्व में शहर के कोचिंग सेंटरों और लाइब्रेरियों में सघन जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान एनआरएल लाइब्रेरी और लक्ष्य कोचिंग बेसमेंट में चलते मिले। इनका तत्काल प्रभाव से संचालन बंद करने के निर्देश दिए गए।
अग्निशमन विभाग की टीम ने मंगलवार को शहर के चार प्रमुख शैक्षिक और अध्ययन केंद्रों की जांच की। इस दौरान टीम ने इन संस्थानों में आग बुझाने वाले उपकरणों की उपलब्धता, आपातकालीन निकास द्वारों की स्थिति, बिजली की जर्जर फिटिंग और फायर एनओसी की वैधता को भी देखा गया। कुछ संस्थान बिना पर्याप्त वेंटिलेशन और सुरक्षा के बेसमेंट में धड़ल्ले से चल रहे थे। बच्चों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए अधिकारियों ने संचालकों को बेसमेंट में चल रही गतिविधियों को तुरंत रोकने के निर्देश दिए।
स्टाफ को सिखाया- ''आग लगने पर कैसे बचाएं बच्चों की जान''
जांच के साथ-साथ फायर ब्रिगेड की टीम ने संवेदनशीलता दिखाते हुए संस्थान के स्टाफ को व्यावहारिक प्रशिक्षण (मॉक ड्रिल) भी दिया। टीम ने बताया कि यदि कभी आपात स्थिति बने, तो बिना घबराए सबसे पहले बच्चों को सुरक्षित बाहर कैसे निकाला जाए। स्टाफ को अग्निशमन यंत्र और बालू बाल्टियों का सही इस्तेमाल करना सिखाया गया।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी आरके तिवारी ने बेहद भावुक और कड़े शब्दों में कहा, हमारे बच्चों का जीवन बेहद अनमोल है। वे यहां अपने सपनों को पूरा करने आते हैं, किसी हादसे का शिकार होने नहीं। सभी कोचिंग और लाइब्रेरी संचालक फायर सेफ्टी के नियमों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित करें।
उन्होंने चेतावनी दी कि निकास द्वारों को हमेशा खाली रखा जाए और बिजली का लोड संतुलित हो। यह अभियान रुकने वाला नहीं है। आगे भी लगातार जारी रहेगा। यदि किसी ने भी बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ करने की कोशिश की, तो उस संस्थान को सील कर संचालक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
डीआईओएस कार्यालय में पंजीकृत है 23 कोचिंग
कासगंज। जिले में करीब 50 से अधिक कोचिंग और लाइब्रेरी संचालित की जा रही है। इनमें से महज 23 ने जिला विद्यालय निरीक्षक के कार्यालय में अपना पंजीकरण करा रखा है। बाकी बिना पंजीकरण के संचालित हो रही है। तंग गलियों में चल रहे कोचिंग सेंटर में सुरक्षा मानकों की जमकर अनदेखी की जा रही है। वहीं, एक भी कोचिंग सेंटर के पास अग्निशमन विभाग की एनओसी नहीं है। संवाद
यहां की गई जांच
फोकस लाइब्रेरी, लक्ष्य कोचिंग सेंटर, एनआरएल लाइब्रेरी और विजडम वैल लाइब्रेरी