कासगंज। बरसात के मौसम में वातावरण में काफी नमी रहती है। इन दिनों में करंट लगने के मामलों में अचानक वृद्धि हो जाती है। विद्युत के साथ थोड़ी सी भी लापरवाही जान के लिए खतरा बन सकती है। विद्युत विभाग भी इस बात से अनभिज्ञ नहीं है।
जनपद में करीब 120 ट्रांसफार्मर ऐसे हैं जो जमीन पर चबूतरा आदि बना कर रखे गए हैं। इनमें से अधिकांश ट्रांसफार्मर पर बेरीकेडिंग नहीं है। इनसे जुड़ी केबलों की स्थिति भी काफी खराब है। केबलों में क्लंप तक नहीं लगे। केबलों को जोड़गांठ कर काम चलाया जाता है। फेस बांधने में भी लापरवाही रहती है। कई जगह तो पटिया पर ही फेस बांध दिए गए हैं। अक्सर ट्रांसफार्मर से फॉल्ट होते रहते हैं। पोलों की स्थिति भी अच्छी नहीं हैं। पोलों पर तारों का जाल नजर आता है, जिससे कभी भी करंट फैल सकता है। बारिश के मौसम में तो करंट फैलने की संभावना और अधिक बढ़ जाती है। बारिश का मौसम नजदीक आ चुका है, लेकिन विभाग ने अभी तक इस दिशा में कोई कदम नहीं उठाए हैं। पूर्व में बिजली से कई हादसे हो चुके हैं। लेकिन इन हादसों से विभाग ने कोई सबक नहीं लिया है।
ट्रांसफार्मर के रखरखाव को लेकर बिजली विभाग उदासीन रहता है, अक्सर फॉल्ट होने से हादसों का डर बना रहता है।
- गिर्राज कारोबारी
ट्रांसफार्मर कॉलेज के समीप रखा है। छात्राओं का आना-जाना रहता है, बड़ी संख्या में लोग हर समय निकलते हैं। विभाग की अदेखी कभी हादसे का कारण बन सकती है।
- मुहम्मद कामिल
बारिश के मौसम में करंट का खतरा बना रहता है। विभाग द्वारा ट्रांसफार्मर की केबल आदि को ठीक करने की दिशा में कदम नहीं उठाए हैं।
- बौबी
बिजली विभाग द्वारा ट्रांसफार्मर के रखरखाव पर ध्यान नहीं दिया जाता। गरमी में अक्सर तेल निकल कर आग लग जाती है। बारिश में यह लापरवाही खतरनाक हो सकती है।
- अजय