डॉक्टर ने महिला को मृत घोषित कर दिया। उसके साथ मौजूद वैष्णवी (5), परी (4) और प्रवास (2) को दीपू अस्पताल में ही छोड़कर शव स्ट्रेचर पर रखकर फरार हो गया। अस्पताल प्रशासन ने इसकी सूचना थाना पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच शुरू की।
भाई बोला- दीपू ने की है हत्या
मोहम्मदाबाद पुलिस की सूचना पर खिमसेपुर से शाम को सीता का भाई जसवीर नाथ अन्य परिजनों के साथ अस्पताल पहुंचा। जसवीर ने बताया कि बहन की हत्या दीपू ने ही की है। इसीलिए वह अस्पताल में शव और मासूम बच्चों को छोड़कर फरार हो गया।
पहले पति को छोड़ दूसरे के साथ रहने लगी
जसवीर ने बताया कि सीता का विवाह औरैया के बिधूना थाने के गांव सरैया निवासी सीतला के साथ हुआ था। वह शराबी था। लिहाजा बाद में जिला बांदा के लालू जाटव के साथ रहने लगी। उसी से तीनों संतानों ने जन्म लिया। इसी दौरान तालग्राम कन्नौज निवासी दीपू इसे अपने साथ रखने लगा।
शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा
जसवीर को परी ने बताया कि दीपू ने मां के साथ मारपीट की थी। जसवीर ने दीपू पर हत्या कर शव अस्पताल में छोड़ जाने का आरोप लगाया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। कादरीगेट इंस्पेक्टर विनोद शुक्ला ने बताया कि तहरीर मिलने पर जांच के बाद कार्रवाई करेंगे।